Summer express,मंजूर पठान, चंबा। चंबा जिले के चुराह वन मंडल की ओर से 75वां वन्य प्राणी सप्ताह विभिन्न जागरूकता गतिविधियों के साथ मनाया गया। इसके तहत राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय किहार और राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय भादल में कार्यक्रम आयोजित किए गए। कार्यक्रमों के दौरान विद्यार्थियों को वन्य प्राणियों की विभिन्न प्रजातियों, उनके महत्व और संरक्षण के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई। साथ ही क्विज प्रतियोगिताओं के माध्यम से बच्चों का ज्ञान बढ़ाया गया और उन्हें वन्यजीवों के प्रति जागरूक रहने का संदेश दिया गया।
कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों को सांपों की विभिन्न प्रजातियों और उनसे बचाव के तरीकों के बारे में भी जानकारी दी गई। वन विभाग के अधिकारियों ने बताया कि दुनिया में सांपों की 150 से अधिक प्रजातियां पाई जाती हैं, जिनमें से करीब 20 प्रजातियां खतरनाक मानी जाती हैं। चंबा जिले में भी इनमें से चार प्रजातियां पाई जाती हैं। ऐसे में सांपों से दूरी बनाए रखने और उनके काटने की स्थिति में तुरंत उचित चिकित्सा सहायता लेने की आवश्यकता पर जोर दिया गया।
अधिकारियों ने बताया कि सांप के काटने पर पीड़ित को बिना देरी किए अस्पताल पहुंचाना चाहिए, जहां चिकित्सकों की देखरेख में एंटी-स्नेक वेनम दिया जा सकता है। उन्होंने लोगों को झाड़-फूंक और घरेलू उपचार के भरोसे समय बर्बाद नहीं करने की सलाह दी, क्योंकि इससे पीड़ित की जान को खतरा हो सकता है।
राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय किहार के प्रधानाचार्य योगेश घेई ने वन विभाग का आभार जताते हुए कहा कि इस तरह के कार्यक्रमों से विद्यार्थियों को वन्यजीवों की नई-नई प्रजातियों के बारे में जानने का अवसर मिलता है। इससे बच्चों में वन्यजीव संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ती है और वे प्राप्त जानकारी को अपने परिवार तथा गांव के अन्य लोगों तक भी पहुंचा सकते हैं।
वन्यजीव विभाग के डीएफओ नवनत महाने ने कहा कि स्कूल में आयोजित कार्यक्रम के माध्यम से विद्यार्थियों को वन्यजीवों से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी दी गई। उन्होंने इस आयोजन के लिए स्कूल प्रबंधन का आभार व्यक्त किया।
चुराह वन मंडल के डीएफओ सुशील कुमार गुलेरिया ने बताया कि 75वें वन्य प्राणी सप्ताह के तहत दो स्कूलों का चयन कर विद्यार्थियों के लिए जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए। क्विज प्रतियोगिताओं के माध्यम से बच्चों को वन्यजीवों की विभिन्न प्रजातियों और उनके संरक्षण के प्रति जागरूक किया गया।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल चंबा के पूर्व जिला परिषद अध्यक्ष एवं बीडीसी सदस्य धर्म सिंह पठानिया ने कहा कि वन्य प्राणी सप्ताह के दौरान बच्चों को अलग-अलग प्रजातियों के बारे में जानकारी देना महत्वपूर्ण है। जागरूक विद्यार्थी इस जानकारी को अपने परिवार और गांव के लोगों तक पहुंचाकर वन्यजीवों के प्रति जागरूकता बढ़ाने में अहम भूमिका निभा सकते हैं।