कनाडा | कनाडा की सबसे बड़ी एयरलाइन, एयर कनाडा ने गर्मियों की व्यस्त यात्रा अवधि के बीच कई उड़ानें रद्द करनी शुरू कर दी हैं। इस कदम के पीछे 10,000 से अधिक फ्लाइट अटेंडेंट्स की हड़ताल है।
केबिन क्रू की यूनियन, सीयूपीई (CUPE) ने वेतन और काम की शर्तों को लेकर लंबी बातचीत के विफल होने के बाद हड़ताल की चेतावनी दी थी। यूनियन ने 72 घंटे पहले हड़ताल का नोटिस दिया था, जिसकी समय सीमा शनिवार को समाप्त हो रही है।
विवाद का कारण:
- वेतन वृद्धि और महंगाई: एयर कनाडा ने 38% तक की वेतन वृद्धि का प्रस्ताव रखा, लेकिन यूनियन इसे मौजूदा महंगाई के हिसाब से अपर्याप्त मान रही है।
- ग्राउंड ड्यूटी का भुगतान: फ्लाइट अटेंडेंट्स को उड़ान से पहले और बाद में किए गए कार्यों के लिए पूर्ण भुगतान नहीं मिलता। यूनियन की मांग है कि इन घंटों के लिए भी पूरा वेतन मिले। एयरलाइन ने 50% भुगतान का प्रस्ताव रखा, जिसे यूनियन ने अस्वीकार किया।
हड़ताल का असर:
एयर कनाडा ने गुरुवार से उड़ानों को व्यवस्थित रूप से रद्द करना शुरू किया है। कंपनी के अनुसार, हर दिन लगभग 1.3 लाख यात्रियों पर इसका असर पड़ सकता है। एयरलाइन अन्य कंपनियों के साथ मिलकर वैकल्पिक यात्रा विकल्प भी उपलब्ध करा रही है।
CEO माइकल रूसो ने कहा, “हमें खेद है, लेकिन यह कदम कर्मचारियों और यात्रियों के हित में आवश्यक है।”
कनाडा की संघीय मंत्री पैटी हाजडू ने कहा कि सरकार फिलहाल इस मामले में हस्तक्षेप नहीं करेगी और दोनों पक्षों से आपसी समझौता होने की उम्मीद है।
यूनियन ने मध्यस्थता का प्रस्ताव ठुकरा दिया और कहा कि कंपनी उनकी मुख्य मांगों को गंभीरता से नहीं ले रही। इस हड़ताल का असर देश की यात्रा प्रणाली और लाखों यात्रियों पर महसूस किया जा रहा है।