पलवल | पलवल स्थित सहकारी चीनी मिल में शुक्रवार को 42वां गन्ना पेराई सत्र हवन, मंत्रोच्चारण और पूजा के साथ औपचारिक रूप से शुरू हुआ। पेराई सत्र की शुरुआत से गन्ना किसानों के चेहरों पर उत्साह और खुशी देखी गई। इस सत्र में किसान अपनी गन्ना फसल बेचकर आर्थिक लाभ प्राप्त कर सकेंगे।
हरियाणा सरकार में सहकारिता एवं पर्यटन मंत्री डॉ. अरविंद शर्मा ने वर्चुअल माध्यम से कार्यक्रम में हिस्सा लिया और किसानों को पेराई सत्र के शुभारंभ पर बधाई दी। उन्होंने आश्वस्त किया कि सत्र के दौरान किसानों और मिल के कर्मचारियों को किसी भी प्रकार की परेशानी नहीं आने दी जाएगी।
डॉ. शर्मा ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 2047 तक “विकसित भारत” के संकल्प को पूरा करने में शुगर इंडस्ट्री और सहकारिता विभाग का अहम योगदान रहेगा। केंद्र और राज्य सरकारें किसानों के कल्याण के लिए प्रतिबद्ध हैं। उन्होंने कहा कि किसानों की आय बढ़ाने, उत्पादन में वृद्धि करने और उचित मूल्य सुनिश्चित करने के लिए कई योजनाएं लागू की जा रही हैं।
सहकारिता मंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने गन्ना किसानों के लिए अग्रणी और पछेती किस्म के लिए क्रमशः 415 रुपये और 408 रुपये प्रति क्विंटल तय किए हैं, जो देश में सबसे अधिक हैं। सरकार ने समय पर भुगतान सुनिश्चित करने और ऑनलाइन टोकन सिस्टम के जरिए गन्ना लाने में सुविधा प्रदान करने की व्यवस्था भी की है।
डॉ. शर्मा ने किसानों और मिल के बीच सहयोग को सफलता की कुंजी बताते हुए किसानों से अपील की कि वे स्वच्छ और गुणवत्तापूर्ण गन्ना ही मिल में सप्लाई करें। उन्होंने किसानों को प्रोत्साहित किया कि वे गन्ना खेती की ओर लौटें और स्वदेशी उत्पादों का उपयोग बढ़ावा दें।
इस अवसर पर उपायुक्त डॉ. हरीश कुमार वशिष्ठ ने हवन यज्ञ में पूर्ण आहुति देकर और मशीन स्टार्ट करके पेराई सत्र का उद्घाटन किया। किसानों की गन्ना ट्रालियों का विधिपूर्वक पूजन किया गया और किसानों को सम्मानित किया गया।
मिल के प्रबंध निदेशक द्विजा ने किसानों से साफ-सुथरा गन्ना लाने का आग्रह किया और कहा कि समय पर भुगतान सुनिश्चित किया जाएगा। इस कार्यक्रम में भाजपा जिलाध्यक्ष विपिन बैंसला, पूर्व जिलाध्यक्ष चरण सिंह तेवतिया, जिप वाइस चेयरमैन उमेश गुदराना, मिल के मुख्य अभियंता और अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।