हमीरपुर, अरविन्द-:नगर निगम हमीरपुर ने कचरा प्रबंधन व्यवस्था में महत्वपूर्ण बदलाव करते हुए अब उपयोग किए गए सेनेटरी पैड को सूखे और गीले कचरे से अलग एकत्रित करने का निर्णय लिया है। यह पहल विशेष रूप से सफाई कर्मचारियों को फंगल संक्रमण और अन्य स्वास्थ्य जोखिमों से बचाने के उद्देश्य से की गई है।
अब तक नगर निगम क्षेत्र में केवल सूखा और गीला कचरा ही अलग-अलग एकत्रित किया जा रहा था, जबकि यूज्ड सेनेटरी पैड इन्हीं के साथ इकट्ठा होकर डंपिंग साइट तक पहुंच जाते थे। इससे न केवल पर्यावरण को नुकसान पहुंच रहा था, बल्कि सफाई कर्मचारियों के स्वास्थ्य पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा था। इस समस्या को देखते हुए नगर निगम ने नई व्यवस्था लागू की है।नई व्यवस्था के तहत सफाई कर्मचारियों को विशेष रूप से लाल रंग के बैग उपलब्ध कराए गए हैं, जिनमें केवल उपयोग किए गए सेनेटरी पैड ही एकत्रित किए जाएंगे। इन पैड्स को अलग कलेक्शन के बाद इंसीनरेटर मशीन में उच्च तापमान पर नष्ट किया जाएगा। यह मशीन कुछ ही मिनटों में पैड्स को राख में बदल देती है, जिससे संक्रमण, दुर्गंध और गंदगी फैलने की संभावना काफी कम हो जाती है।
नगर निगम का मानना है कि खुले में फेंके गए सेनेटरी पैड लंबे समय तक नष्ट नहीं होते और इनमें मौजूद कीटाणु गंभीर बीमारियों का कारण बन सकते हैं। इसी को ध्यान में रखते हुए यह निर्णय लिया गया है, ताकि कचरे का वैज्ञानिक और सुरक्षित तरीके से निष्पादन किया जा सके।नगर निगम के आयुक्त राकेश शर्मा ने बताया कि यह कदम सफाई कर्मचारियों की सुरक्षा को ध्यान में रखकर उठाया गया है। उन्होंने कहा कि कर्मचारियों को लाल रंग के बैग दिए गए हैं, जिनमें सेनेटरी पैड एकत्रित किए जाएंगे और बाद में इन्हें इंसीनरेटर मशीन के माध्यम से सुरक्षित रूप से निष्पादित किया जाएगा। उन्होंने उम्मीद जताई कि इस पहल से शहर में स्वच्छता और स्वास्थ्य दोनों में सुधार होगा।