Summer Express, सिडनी | रविवार देर रात दक्षिण प्रशांत महासागर में 6.1 तीव्रता का भूकंप आया, जिसने पूरे क्षेत्र में हलचल मचा दी। National Center for Seismology (NCS) के अनुसार, यह भूकंप 10 किलोमीटर की कम गहराई पर आया, जिससे झटके अधिक तेज महसूस हुए और नुकसान की संभावना बढ़ गई।
विशेषज्ञों के अनुसार, उथले (शैलो) भूकंप के बाद आफ्टरशॉक्स की संभावना ज्यादा होती है क्योंकि ऊर्जा सतह के नजदीक ही रिलीज होती है। यह क्षेत्र Pacific Ring of Fire का हिस्सा है, जिसे दुनिया का सबसे सक्रिय भूकंपीय क्षेत्र माना जाता है। यहां दुनिया के करीब 90% भूकंप आते हैं और 80% से अधिक बड़े भूकंप इसी क्षेत्र में दर्ज होते हैं।
रिंग ऑफ फायर में टेक्टोनिक प्लेट्स लगातार टकराती और एक-दूसरे के नीचे धंसती रहती हैं, जिससे भूकंप और ज्वालामुखी गतिविधियां होती हैं। अनुमान के अनुसार, हर साल दुनिया में करीब 5 लाख भूकंप दर्ज होते हैं, जिनमें लगभग 1 लाख झटके महसूस किए जाते हैं और करीब 100 भूकंप नुकसान पहुंचाते हैं।
Pacific Ring of Fire लगभग 40,000 किलोमीटर लंबा और 500 किलोमीटर तक चौड़ा क्षेत्र है, जो पूरे प्रशांत महासागर को घेरे हुए है। फिलहाल इस भूकंप से किसी बड़े नुकसान की सूचना नहीं है, लेकिन वैज्ञानिक क्षेत्र में आफ्टरशॉक्स और संभावित खतरे पर लगातार नजर बनाए हुए हैं।