summer express,शिमला। भाजपा प्रदेश महामंत्री पायल वैद्य ने इंदिरा गांधी प्यारी बहना सुख सम्मान निधि योजना में बार-बार किए जा रहे संशोधनों को लेकर कांग्रेस सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी ने विधानसभा चुनावों के दौरान प्रदेश की महिलाओं से बड़े-बड़े वादे किए थे, लेकिन सत्ता में आते ही उन वादों से मुकरने का काम किया है। अब सरकार ने योजना का दायरा और सीमित करते हुए 18 से 20 वर्ष आयु वर्ग की युवतियों को भी योजना से बाहर कर दिया है, जिससे कांग्रेस की कथनी और करनी का अंतर एक बार फिर जनता के सामने आ गया है।
पायल वैद्य ने कहा कि कांग्रेस ने चुनावों के दौरान प्रदेश की 28 लाख बहनों को हर महीने ₹1500 देने का वादा किया था, लेकिन आज स्थिति यह है कि सरकार केवल चुनिंदा महिलाओं को योजना का लाभ देने की बात कर रही है। पहले एक परिवार से एक महिला की शर्त लगाई गई, फिर आय सीमा निर्धारित की गई और अब आयु सीमा में संशोधन कर हजारों युवतियों को भी योजना से बाहर कर दिया गया है। इससे स्पष्ट है कि कांग्रेस सरकार के पास न तो कोई स्पष्ट नीति थी और न ही अपने वादों को पूरा करने की इच्छाशक्ति।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार ने महिलाओं के नाम पर वोट तो ले लिए, लेकिन अब उन्हीं महिलाओं को पात्रता की नई-नई शर्तों में उलझाकर लाभ से वंचित किया जा रहा है। प्रदेश की माताएं, बहनें और बेटियां स्वयं को ठगा हुआ महसूस कर रही हैं। यह केवल योजना में संशोधन नहीं बल्कि महिलाओं के साथ किया गया सीधा विश्वासघात है।
भाजपा प्रदेश महामंत्री ने कहा कि सुक्खू सरकार की हर गारंटी एक-एक कर धराशायी हो रही है। कभी 300 यूनिट मुफ्त बिजली, कभी रोजगार, कभी महिलाओं को ₹1500 देने का वादा—सभी घोषणाएं आज केवल कागजों तक सीमित रह गई हैं। सरकार की आर्थिक कुप्रबंधन और गलत नीतियों के कारण आज उसे अपने ही वादों से पीछे हटना पड़ रहा है।
पायल वैद्य ने कहा कि भाजपा महिलाओं के सम्मान और उनके अधिकारों के साथ किसी भी प्रकार का खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं करेगी। कांग्रेस सरकार को प्रदेश की महिलाओं को बताना चाहिए कि आखिर 28 लाख बहनों से किए गए वादे का क्या हुआ और क्यों बार-बार नियम बदलकर योजना को सीमित किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि प्रदेश की जनता सब कुछ देख रही है और आने वाले समय में कांग्रेस सरकार को अपने अधूरे वादों और विश्वासघात का जवाब जनता के बीच देना होगा।