Summer express, नई दिल्ली। सप्ताह के अंतिम कारोबारी दिन सोना और चांदी की कीमतों में तेज गिरावट दर्ज की गई, जिससे कीमती धातुओं में निवेश करने वाले निवेशकों को झटका लगा है। अंतरराष्ट्रीय संकेतों और अमेरिकी फेडरल रिजर्व से जुड़े घटनाक्रमों के बीच घरेलू बाजार में दोनों धातुओं पर भारी बिकवाली का दबाव देखने को मिला।
मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर सोने की कीमत में 2,689 रुपये की गिरावट आई, जिसके बाद 10 ग्राम सोना 1,46,620 रुपये के स्तर पर कारोबार करता दिखाई दिया। वहीं चांदी भी कमजोर रही और 7,305 रुपये टूटकर 2,30,267 रुपये प्रति किलोग्राम पर पहुंच गई।
राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली के सर्राफा बाजार में भी लगातार तीसरे कारोबारी सत्र में सोने की कीमतों में नरमी दर्ज की गई। अखिल भारतीय सर्राफा संघ के अनुसार, 99.9 प्रतिशत शुद्धता वाला सोना 960 रुपये सस्ता होकर 1,53,440 रुपये प्रति 10 ग्राम (सभी करों सहित) रह गया। पिछले कारोबारी सत्र में यह 1,54,400 रुपये प्रति 10 ग्राम पर बंद हुआ था।
चांदी की कीमतों में भी बड़ी गिरावट देखने को मिली। सर्राफा बाजार में चांदी 6,660 रुपये लुढ़ककर 2,48,740 रुपये प्रति किलोग्राम पर आ गई, जबकि पिछले सत्र में इसका भाव 2,55,400 रुपये प्रति किलोग्राम था।
विशेषज्ञों का मानना है कि वैश्विक स्तर पर निवेशकों का रुझान फिलहाल शेयर बाजार की ओर बढ़ने और सुरक्षित निवेश विकल्पों की मांग घटने से कीमती धातुओं पर दबाव बना है। इसके अलावा अमेरिकी फेडरल रिजर्व की नीतिगत घोषणा के बाद बाजार की धारणा भी प्रभावित हुई है।
एनकेपी सिक्योरिटीज के उपाध्यक्ष (रिसर्च, कमोडिटी एवं करेंसी) जतिन त्रिवेदी के अनुसार, फेडरल रिजर्व से जुड़े संकेतों ने सोने की कीमतों पर दबाव बढ़ाया है। उनका कहना है कि यदि अमेरिकी अर्थव्यवस्था मजबूत बनी रहती है तो वर्ष 2026 में ब्याज दरों में एक और बढ़ोतरी की संभावना जताई गई है, जिससे सोने की चमक फिलहाल फीकी पड़ती दिखाई दे रही है।