Summer express, सुंदर कुंडू, पलवल। पलवल जिले के जनौली गांव निवासी और पृथला विधायक रघुवीर सिंह तेवतिया के पौत्र यशवीर वरुण तेवतिया ने कम उम्र में खेती और किसानों के हित में एक सराहनीय पहल शुरू कर मिसाल पेश की है। देहरादून स्थित प्रतिष्ठित द दून स्कूल में 12वीं कक्षा के 17 वर्षीय छात्र यशवीर ने ‘सोइल टू सोल (धरती से आत्मा तक)’ नाम से शोध एवं जनजागरूकता अभियान शुरू किया है। इस पहल का उद्देश्य किसानों को मिट्टी की सेहत, टिकाऊ खेती और आधुनिक कृषि तकनीकों के प्रति जागरूक करना है।
यशवीर का कहना है कि खेती की असली मजबूती स्वस्थ मिट्टी में छिपी है। इसी सोच के साथ उन्होंने हरियाणा के विभिन्न गांवों का दौरा कर किसानों से सीधा संवाद किया, उनकी समस्याओं को समझा और कृषि से जुड़े विभिन्न पहलुओं का अध्ययन किया। अभियान के दौरान उन्होंने किसानों को मिट्टी परीक्षण किट वितरित कीं और नियमित रूप से मिट्टी की जांच कराने के लिए प्रेरित किया। उनका मानना है कि मिट्टी की गुणवत्ता बनाए रखने से उत्पादन बढ़ेगा, खेती की लागत कम होगी और किसानों की आय में सुधार आएगा।
यशवीर के अनुसार आज किसान बढ़ती उत्पादन लागत, सिंचाई के लिए पानी की कमी, वैज्ञानिक जानकारी के अभाव और कृषि विशेषज्ञों तक सीमित पहुंच जैसी कई चुनौतियों का सामना कर रहे हैं। उन्होंने किसानों से बातचीत के दौरान महसूस किया कि कृषि अनुसंधान और खेत तक उसकी उपयोगी जानकारी पहुंचाने के बीच अभी भी बड़ा अंतर है, जिसे दूर करना समय की जरूरत है।
उन्होंने बताया कि उनका लक्ष्य ‘सोइल टू सोल’ अभियान को केवल एक शोध परियोजना तक सीमित रखना नहीं है। भविष्य में इसे अधिक से अधिक गांवों तक पहुंचाने, बड़ी संख्या में किसानों को जोड़ने और युवाओं व विद्यार्थियों को भी इस अभियान का हिस्सा बनाने की योजना है। उनका सपना विदेश में कृषि, मृदा विज्ञान और आधुनिक तकनीकों का उच्च अध्ययन कर वैज्ञानिक शोध का लाभ सीधे किसानों तक पहुंचाना है, ताकि खेती को अधिक टिकाऊ, लाभदायक और पर्यावरण अनुकूल बनाया जा सके।
यशवीर वरुण तेवतिया ने किसानों से अपील करते हुए कहा कि स्वस्थ मिट्टी ही सुरक्षित भविष्य की नींव है। उन्होंने किसानों से नियमित मिट्टी परीक्षण कराने, वैज्ञानिक सलाह अपनाने और आधुनिक कृषि तकनीकों को अपनाने का आग्रह किया, ताकि खेती को आने वाली पीढ़ियों के लिए भी समृद्ध और टिकाऊ बनाया जा सके।