Summer express/शाहाबाद, गुरदीप सिंह गुजराल- किसानों के दिल्ली कूच के आह्वान के बीच शाहाबाद क्षेत्र में पुलिस ने राष्ट्रीय राजमार्ग-44 पर भारी बैरिकेडिंग कर किसानों को आगे बढ़ने से रोक दिया। किसान अपनी विभिन्न मांगों के समर्थन में शांतिपूर्ण प्रदर्शन के लिए दिल्ली जा रहे थे। पुलिस की कार्रवाई के बाद मौके पर कुछ समय के लिए तनाव की स्थिति बनी, हालांकि हालात शांतिपूर्ण रहे।
किसानों का कहना है कि वे शांतिपूर्ण तरीके से अपनी बात सरकार तक पहुंचाना चाहते थे और प्रदर्शन के बाद वापस लौटने की योजना थी। लेकिन रास्ते में ही उन्हें रोक दिया गया, जिससे किसानों में नाराजगी देखने को मिली।किसान यूनियन शहीद भगत सिंह के प्रदेश उपाध्यक्ष विक्रम सिंह राणा ने कहा कि किसानों के साथ अपराधियों जैसा व्यवहार किया जा रहा है, जबकि वे केवल अपनी मांगों को लोकतांत्रिक तरीके से उठाने के लिए दिल्ली जा रहे थे। उन्होंने कहा कि किसान देश के अन्नदाता हैं और हरित क्रांति के माध्यम से देश को खाद्यान्न उत्पादन में आत्मनिर्भर बनाने में किसानों की महत्वपूर्ण भूमिका रही है।राणा ने आरोप लगाया कि हाल ही में भारत और अमेरिका के बीच हुई ट्रेड डील से किसानों के हित प्रभावित हो सकते हैं। इसी मुद्दे को लेकर किसान शांतिपूर्ण प्रदर्शन करना चाहते थे, लेकिन प्रशासन ने उन्हें रास्ते में ही रोक दिया। उन्होंने कहा कि केवल शाहाबाद ही नहीं, बल्कि अन्य स्थानों पर भी किसानों को हिरासत में लिया गया है और दिल्ली जाने से रोका जा रहा है।
पुलिस द्वारा की गई बैरिकेडिंग के कारण किसानों का जत्था राष्ट्रीय राजमार्ग पर ही रुक गया। किसान नेताओं ने प्रशासन से उन्हें शांतिपूर्ण प्रदर्शन की अनुमति देने की मांग की है। फिलहाल पुलिस और प्रशासन की ओर से सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है और स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है। किसान नेताओं का कहना है कि वे लोकतांत्रिक तरीके से अपनी मांगों के लिए संघर्ष जारी रखेंगे।