हिमाचल की विकास परियोजनाओं को लेकर भी उठाए सवाल
Summer express/राहुल चावला, धर्मशाला-: कांग्रेस के राष्ट्रव्यापी ‘वोट बचाओ, देश बचाओ’ अभियान के तहत कांग्रेस सांसद हरीश चंद्र मीणा ने धर्मशाला में आयोजित प्रेस वार्ता के दौरान केंद्र सरकार और चुनाव आयोग पर निशाना साधा। उन्होंने मतदाता सूचियों से कथित तौर पर बड़े पैमाने पर नाम हटाए जाने का मुद्दा उठाते हुए चुनाव प्रक्रिया की पारदर्शिता और आयोग की निष्पक्षता पर सवाल खड़े किए।मीणा ने एक समाचार पत्र में प्रकाशित रिपोर्ट का हवाला देते हुए दावा किया कि देशभर में करीब 13 करोड़ वोट काटे गए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि मतदाता सूची से नाम हटाने के मामले में जाति, धर्म और राजनीतिक आधार पर भेदभाव किए जाने की आशंका है। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में प्रत्येक नागरिक को मतदान का समान अधिकार प्राप्त है और इस अधिकार की रक्षा करना जरूरी है।
मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग
कांग्रेस सांसद ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए उनके इस्तीफे की मांग की। उन्होंने चुनाव आयुक्तों की नियुक्ति प्रक्रिया में भारत के मुख्य न्यायाधीश को शामिल नहीं किए जाने पर भी आपत्ति जताई। मीणा ने कहा कि चुनाव आयोग की जिम्मेदारी निष्पक्ष चुनाव सुनिश्चित करना है और इस संस्था की विश्वसनीयता बनाए रखना लोकतंत्र के हित में आवश्यक है।
चुनावी प्रक्रिया की पारदर्शिता पर उठाए सवाल
मीणा ने चंडीगढ़ नगर निगम चुनाव, दिल्ली विश्वविद्यालय छात्र संघ चुनाव और वाराणसी लोकसभा क्षेत्र में मतगणना के दौरान बिजली कटौती से जुड़े विवादों का उल्लेख करते हुए चुनावी प्रक्रिया पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि चुनावों में पारदर्शिता और निष्पक्षता सुनिश्चित करना लोकतांत्रिक व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए जरूरी है।
केंद्र सरकार के वादों पर भी साधा निशाना
केंद्र सरकार की नीतियों पर हमला बोलते हुए कांग्रेस सांसद ने किसानों की आय दोगुनी करने, हर साल दो करोड़ रोजगार देने और प्रत्येक खाते में 15 लाख रुपये देने के वादों का जिक्र किया। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार अपने वादों को पूरा करने में विफल रही है और जनता का ध्यान बुनियादी मुद्दों से हटाने के लिए धर्म और जाति की राजनीति को बढ़ावा दिया जा रहा है।
हिमाचल के विकास को लेकर केंद्र पर सवाल
हिमाचल प्रदेश के विकास से जुड़े मुद्दों पर मीणा ने केंद्र सरकार पर राज्य की अनदेखी करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि प्रदेश में बुनियादी ढांचे और राष्ट्रीय राजमार्गों के विकास के लिए अपेक्षित प्रयास नहीं किए गए हैं। कालका-शिमला रेललाइन का उल्लेख करते हुए उन्होंने राज्य को नई और बड़ी विकास परियोजनाओं का पर्याप्त लाभ नहीं मिलने की बात कही। उन्होंने केंद्रीय विद्यालयों के नाम बदलने के मुद्दे पर भी केंद्र सरकार की आलोचना की।
लॉरेंस बिश्नोई के नेटवर्क पर उठाए सवाल
कानून-व्यवस्था के मुद्दे पर कांग्रेस सांसद ने लॉरेंस बिश्नोई का जिक्र करते हुए सवाल किया कि जेल में बंद होने के बावजूद उसका नेटवर्क कैसे सक्रिय है। उन्होंने इस मामले में संबंधित एजेंसियों की कार्यप्रणाली और कार्रवाई को लेकर भी सवाल उठाए।
मताधिकार के प्रति जागरूकता का आह्वान
मीणा ने कहा कि ‘वोट बचाओ, देश बचाओ’ अभियान का उद्देश्य लोगों को उनके संवैधानिक और लोकतांत्रिक अधिकारों के प्रति जागरूक करना है। उन्होंने जनता से अपने मताधिकार के महत्व को समझने और लोकतांत्रिक व्यवस्था की रक्षा के लिए सजग रहने की अपील की। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में हर नागरिक के वोट का समान महत्व है और जनता का मत ही सरकारों का भविष्य तय करता है।