जालंधर | जालंधर में डेंगू को लेकर एक बार फिर सतर्क होने की जरूरत है। जिला स्वास्थ्य विभाग की ओर से चलाए जा रहे ‘हर शुक्रवार डेंगू पर वार’ अभियान के तहत 25 टीमों ने शहर के विभिन्न इलाकों में सर्वे किया, जिसमें 21 स्थानों पर डेंगू फैलाने वाले मच्छरों का लारवा मिला।
अधिकारियों के अनुसार, इन टीमों ने 3,455 घरों का दौरा कर 7,045 कंटेनरों की जांच की। जहां भी लारवा मिला, वहां तुरंत उसे नष्ट किया गया और मच्छरनाशक दवाइयों का छिड़काव किया गया।
सिविल सर्जन डॉ. गुरमीत लाल स्वयं नर्सिंग छात्रों और विभागीय स्टाफ के साथ जसवंत नगर क्षेत्र पहुंचे और घर-घर जाकर लोगों को डेंगू से बचाव के उपाय समझाए। उन्होंने बताया कि डेंगू फैलाने वाला मच्छर साफ और ठहरे पानी में पनपता है, इसलिए लोगों को चाहिए कि वे सप्ताह में कम से कम एक बार कूलर और पानी की टंकियों की सफाई जरूर करें।
डॉ. लाल ने चेताया कि घर की छतों, आंगन या खुले स्थानों पर रखे टूटे गमले, पुराने टायर, डिब्बे और बर्तनों में पानी जमा न होने दें। यही स्थान मच्छरों के लिए प्रजनन केंद्र बनते हैं। उन्होंने अपील की कि डेंगू के लक्षण जैसे बुखार, सिरदर्द, बदन दर्द आदि महसूस होते ही नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र से संपर्क करें और खुद से दवा न लें।
स्वास्थ्य विभाग की ओर से डेंगू पर नियंत्रण के लिए यह अभियान लगातार जारी रहेगा और लोगों से सहयोग की अपील की गई है।