Mandi, Dharamveer
मंडी जिले में बीते 24 घंटों में हुई मूसलधार बारिश और भूस्खलनों ने बुनियादी ढांचे को भारी क्षति पहुंचाई है। सड़कों से लेकर पेयजल और बिजली आपूर्ति तक, तीनों प्रमुख सेवाएं बुरी तरह प्रभावित हुई हैं। जिलाधीश अपूर्व देवगन ने जानकारी देते हुए बताया कि बहाली कार्य युद्ध स्तर पर जारी है।
लोक निर्माण विभाग को 23 करोड़ का ताजा नुकसान, 270 में से 73 सड़कें बहाल
मंडी लोक निर्माण विभाग के अनुसार, सिर्फ बीते एक दिन में ही लगभग 23 करोड़ रुपये की क्षति दर्ज की गई है। बारिश और भूस्खलन से 270 सड़कों पर यातायात बाधित हुआ, जिनमें से अब तक 73 सड़कों को बहाल कर लिया गया है। 158 मशीनों को बहाली कार्य में लगाया गया है। विभाग को अब तक कुल 417 करोड़ रुपये से अधिक का नुकसान हो चुका है। धर्मपुर क्षेत्र में 35 सड़कों में से 12 सड़कों को चालू कर दिया गया है।
जल शक्ति विभाग की 555 योजनाएं प्रभावित, आकलित नुकसान 31 करोड़
बारिश का असर जल आपूर्ति और सिंचाई योजनाओं पर भी पड़ा है। 491 पेयजल योजनाएं, 57 सिंचाई योजनाएं और 5 मल निकासी योजनाएं बाधित हुई हैं। प्रारंभिक आंकड़ों के अनुसार, विभाग को लगभग 31 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है। इन योजनाओं की बहाली के लिए 2,500 से अधिक कर्मियों को तैनात किया गया है।
बिजली आपूर्ति पर भी असर, 2.20 करोड़ का नुकसान
राज्य विद्युत बोर्ड लिमिटेड के मंडी सर्कल में भारी नुकसान हुआ है। डीसी देवगन ने बताया कि 750 ट्रांसफार्मर प्रभावित हुए हैं, जिनमें से 3 पूरी तरह नष्ट हो गए हैं। इसके अलावा, 7 किलोमीटर हाई टेंशन लाइन और 14 किलोमीटर लो टेंशन लाइन भी क्षतिग्रस्त हुई हैं। 40 विद्युत पोल बह गए हैं या टूट चुके हैं। अब तक 450 ट्रांसफार्मरों की बहाली हो चुकी है।
जनता से सावधानी बरतने की अपील
डीसी ने लोगों से अनुरोध किया है कि वे क्षतिग्रस्त क्षेत्रों में विद्युत उपकरणों या लाइनों के समीप न जाएं। सुरक्षा हेतु स्थानीय प्रशासन और बिजली बोर्ड द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करें। उन्होंने बताया कि बारिश के बीच लगातार बहाली कार्य करना चुनौतीपूर्ण है, लेकिन सभी टीमें पूरी मुस्तैदी से काम कर रही हैं।