काठमांडू। नेपाल इस समय गंभीर राजनीतिक और सामाजिक संकट से गुजर रहा है। सोशल मीडिया ऐप्स पर प्रतिबंध और लगातार हो रहे हिंसक प्रदर्शनों ने हालात को और बिगाड़ दिया है। इन झड़पों में अब तक 22 लोगों की मौत हो चुकी है और 500 से ज्यादा लोग घायल बताए जा रहे हैं।
पीएम ओली ने दिया इस्तीफा, लोकेशन गुप्त
प्रधानमंत्री केपी शर्मा ओली ने मंगलवार (9 सितंबर) को इस्तीफा दे दिया। हालांकि, इस समय वह कहां हैं इसकी कोई आधिकारिक जानकारी नहीं है। कुछ रिपोर्ट्स में दावा किया गया कि वे दुबई भाग सकते हैं, जबकि मीडिया सूत्रों का कहना है कि वे फिलहाल काठमांडू के किसी सुरक्षित घर (सेफ हाउस) में छिपे हुए हैं।
त्रिभुवन एयरपोर्ट को सुरक्षा कारणों से बंद कर दिया गया है और देश की कमान सेना के हाथों में है। राजधानी की सड़कों पर सेना गश्त कर रही है।
प्रदर्शनकारियों का गुस्सा: आगजनी और तोड़फोड़
गुस्साए प्रदर्शनकारियों ने कई सरकारी इमारतों में आग लगा दी और तोड़फोड़ की। कुछ मंत्रियों को भी दौड़ा-दौड़ाकर पीटे जाने की खबरें सामने आईं। पूर्व पीएम ओली का भक्तपुर स्थित घर भी आगजनी की चपेट में आ गया, हालांकि ओली और उनका परिवार समय रहते सुरक्षित स्थान पर पहुंच गया।
धार्मिक स्थल बंद, कर्फ्यू लागू
हिंसक माहौल को देखते हुए नेपाल के पवित्र पशुपतिनाथ मंदिर को भी सुरक्षा कारणों से बंद कर दिया गया है। राजधानी काठमांडू में कर्फ्यू लागू कर दिया गया है और बुधवार सुबह शहर की सड़कों पर सन्नाटा पसरा रहा।