लुधियाना I पंजाब के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री डॉ. बलबीर सिंह ने कहा कि भारी मानसूनी बारिश के बावजूद राज्य में डेंगू की स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है। लुधियाना में डेंगू की स्थिति और स्वास्थ्य सेवाओं की समीक्षा के बाद उन्होंने बताया कि स्वास्थ्य विभाग और जिला प्रशासन के संयुक्त प्रयासों से डेंगू पर प्रभावी नियंत्रण हासिल किया गया है।
मंत्री ने कहा कि आने वाले दिनों में मामलों में और कमी आएगी, क्योंकि सभी प्रभावित क्षेत्रों में फॉगिंग, लार्वा जांच और सफाई अभियान तेज़ कर दिए गए हैं। उन्होंने यह भी जोड़ा कि रात के तापमान में गिरावट से मच्छरों की गतिविधि में स्वाभाविक रूप से कमी आएगी।
उन्होंने ‘हर शुक्रवार, डेंगू ते वार’ अभियान का उल्लेख करते हुए नागरिकों से अपील की कि वे हर शुक्रवार अपने घरों और आस-पास के सभी पानी वाले बर्तनों—गमले, कूलर, टायर और ट्रे—को साफ व सूखा रखें। उन्होंने कहा कि यह कदम एडीज मच्छर के प्रजनन को रोकने में बेहद जरूरी है। साथ ही लोगों को पूरी बाजू के कपड़े पहनने और मच्छर-रोधी उपाय अपनाने की सलाह दी गई है।
स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने के लिए, डॉ. बलबीर सिंह ने घोषणा की कि 1,000 डॉक्टरों और स्वास्थ्य कर्मचारियों की भर्ती तेजी से की जा रही है। सेवानिवृत्त विशेषज्ञों को भी पुनर्नियुक्त किया जा रहा है ताकि स्टाफ की कमी पूरी की जा सके।
उन्होंने बताया कि राज्य सरकार दो मिलियन से अधिक स्कूली छात्रों को जीवन रक्षक कौशलों का प्रशिक्षण दे रही है — जिसमें डेंगू प्रजनन स्थलों की पहचान, प्राथमिक उपचार, सर्पदंश प्रबंधन और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने जैसे विषय शामिल हैं।
इस बीच, लुधियाना में डेंगू के मरीजों की संख्या 450 के करीब पहुंच चुकी है, हालांकि वास्तविक आंकड़े इससे अधिक माने जा रहे हैं। स्वास्थ्य विभाग ने अभी तक संदिग्ध मरीजों और मौतों के आंकड़े सार्वजनिक नहीं किए हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि विभाग की मौजूदा रणनीति डेंगू उन्मूलन अभियान का हिस्सा है, और इसके परिणाम जल्द देखने को मिल सकते हैं।