गुजरात | गुजरात के अरवल्ली जिले में मंगलवार तड़के एक भीषण हादसा सामने आया, जिसमें मोडासा-धनसुरा रोड पर चलती एंबुलेंस अचानक आग की चपेट में आ गई। इस दर्दनाक घटना में एक नवजात शिशु, अहमदाबाद के डॉक्टर शांतिलाल रेंटिया, नर्स भूरीबेन मनात और बच्चे के पिता जिग्नेश मोची की मौके पर ही जलकर मौत हो गई।
यह हादसा उस समय हुआ जब जन्म के बाद बीमार नवजात को मोडासा के एक निजी अस्पताल से आगे के इलाज के लिए अहमदाबाद ले जाया जा रहा था। पुलिस के अनुसार, रात लगभग एक बजे एंबुलेंस में अचानक आग लगी, जिसकी वजह अब तक स्पष्ट नहीं हो पाई है। मामले की जांच जारी है।
पुलिस निरीक्षक डीबी वाला ने बताया कि आग लगते ही एंबुलेंस पूरी तरह धधक उठी। बच्चे के दो अन्य परिजन, एंबुलेंस चालक और तीन अन्य लोग गंभीर रूप से झुलस गए। सभी घायलों को नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
अधिकारी ने कहा कि जिग्नेश मोची महिसागर जिले के रहने वाले थे और उनका नवजात बच्चा बीमार होने के कारण मोडासा में इलाजरत था। बच्चे को बेहतर चिकित्सा के लिए अहमदाबाद ले जाया जा रहा था, लेकिन रास्ते में यह हादसा हो गया।
घटना के बाद पुलिस और फायर विभाग की टीमें मौके पर पहुंचीं और आग पर काबू पाया। फिलहाल एंबुलेंस में आग लगने के कारणों की जांच की जा रही है कि यह तकनीकी खराबी थी या किसी अन्य वजह से दुर्घटना हुई। स्थानीय प्रशासन ने हादसे को “अत्यंत दुखद और दर्दनाक” बताया है और मृतकों के परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की है।