उडुपी | प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शुक्रवार को कर्नाटक के उडुपी पहुंचे, जहां उन्होंने श्री कृष्ण मठ में आयोजित “लक्ष गीता पाठन” कार्यक्रम में हिस्सा लिया। 14 साल बाद उडुपी पहुंचे पीएम मोदी ने यहां भव्य रोड शो किया और जनता को संबोधित करते हुए देश की सुरक्षा, आत्मनिर्भर भारत और नई वैश्विक भूमिका पर जोर दिया।
‘नया भारत दृढ़ है, किसी दबाव में नहीं झुकेगा’
अपने भाषण में पीएम मोदी ने कहा कि आज का भारत पहले से अधिक मजबूत, आत्मविश्वासी और निर्णायक है। पहलगाम आतंकी हमले का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि अब देश ऐसी घटनाओं पर चुप नहीं बैठता। “यह नया भारत है। यह न किसी के सामने झुकता है और न ही अपने नागरिकों की सुरक्षा से समझौता करता है।”
मिशन ‘सुदर्शन चक्र’ का ऐलान
प्रधानमंत्री ने रामायण और महाभारत की प्रेरणा का हवाला देते हुए सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता बताया। उन्होंने कहा कि लाल किले से जिस करुणा का संदेश दिया जाता है, उसी आधार पर सरकार ‘मिशन सुदर्शन चक्र’ आगे बढ़ा रही है— “देश के औद्योगिक क्षेत्रों, महत्वपूर्ण पब्लिक सेक्टर और सामरिक स्थलों के चारों ओर ऐसा सुरक्षा कवच तैयार किया जा रहा है, जिसे दुश्मन भेद न सकें। यदि कोई हमला करने की जुर्रत करेगा, तो हमारा ‘सुदर्शन चक्र’ जवाब देगा।”
उडुपी, भाजपा शासन मॉडल की जनभूमि
पीएम मोदी ने उडुपी को भाजपा के सुशासन मॉडल की आधारभूमि बताते हुए कहा— “1968 में जब उडुपी के नागरिकों ने जनसंघ के वीएस आचार्य को म्युनिसिपल कॉर्पोरेशन के लिए चुना, तब यहां नए शासन मॉडल की नींव रखी गई थी।”
जनकल्याण योजनाओं को कृष्ण उपदेश से जोड़ा
प्रधानमंत्री ने कहा कि भगवान श्री कृष्ण गरीबों की सेवा और नारी सम्मान का संदेश देते हैं। इसी प्रेरणा के चलते आयुष्मान भारत, पीएम आवास योजना, और नारी शक्ति वंदन अधिनियम जैसे फैसले लिए गए। उन्होंने “सबका साथ, सबका विकास, सर्वजन हिताय-सर्वजन सुखाय” की नीति को राष्ट्र के विकास का मूल मंत्र बताया।
उडुपी में संतों के बीच सम्मानित महसूस किया
श्री कृष्ण मठ के आयोजन को संबोधित करते हुए पीएम मोदी ने कहा— “पूज्य संतों के बीच बैठना मेरे लिए गर्व का विषय है। उडुपी की आस्था, संस्कृति और समाज सेवा की परंपरा पूरे देश को प्रेरणा देती है।”