Facebook-f Youtube X-twitter

Alert: PFAS जहर का खतरा, क्या आपके खून में छुपा है यह कैमिकल?

नई दिल्ली | ‘पीएफएएस’ (PFAS) – यह ऐसे रसायन हैं जो कभी खत्म नहीं होते और अब भारत में स्वास्थ्य के लिए गंभीर चिंता का विषय बन गए हैं। यूरोप और अमेरिका में इन जहरीली तकनीकों और फैक्ट्रियों को बंद किया जा चुका है, लेकिन अब इन्हें चुपचाप भारत में स्थानांतरित किया जा रहा है।

PFAS क्या है और क्यों इसे कहते हैं ‘फॉरएवर केमिकल’?

PFAS (पर- और पॉलीफ्लोरोअल्काइल पदार्थ) रसायनों का ऐसा समूह है जो प्रकृति में नष्ट नहीं होता। एक बार यह शरीर, पानी या मिट्टी में प्रवेश कर जाए, तो हमेशा वहां जमा रहता है। हाल ही में हुई रिसर्च में भारत में भूजल, पीने के पानी और माताओं के दूध में PFAS के अवशेष पाए गए हैं।

यूरोप ने इन फैक्ट्रियों को बंद किया, भारत ने क्यों अपनाया?

इटली और यूरोप के अन्य देशों में PFAS फैक्ट्रियों के कारण लाखों लोग गंभीर बीमारियों का शिकार हुए। इसके बाद कड़े कानून बनाकर इन्हें बंद कर दिया गया। अब वही कंपनियां भारत की ओर रुख कर रही हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि ‘Ease of Doing Business’ के नाम पर भविष्य की पीढ़ियों के स्वास्थ्य को जोखिम में डाला जा रहा है।

PFAS के खतरनाक असर और इलाज की कमी

एक बार शरीर में प्रवेश करने के बाद PFAS को बाहर निकालने का कोई तरीका नहीं है। यह कैंसर, किडनी फेल्योर, बांझपन और हार्मोनल असंतुलन जैसी गंभीर बीमारियों का कारण बन सकता है। यदि समय रहते कड़े नियम लागू नहीं किए गए, तो भारत जहरीले कचरे का केंद्र बन सकता है।

सावधानी और सुझाव

विशेषज्ञों की सलाह है कि पीने के पानी, फूड पैकेजिंग और पर्यावरणीय जोखिमों पर सतर्क नजर रखी जाए। साथ ही सरकार को कड़े नियम और निगरानी लागू करनी चाहिए ताकि आने वाली पीढ़ियों के स्वास्थ्य को सुरक्षित रखा जा सके।

Karuna

infosummerexpress@gmail.com

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Trending

चिप्स के पैकेट में कीड़े मिलने से मचा हड़कंप, खाद्य सुरक्षा विभाग जांच में जुटा

हमीरपुर- :हमीरपुर जिले के उपमंडल नादौन में एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां एक सीलबंद चिप्स के पैकेट के अंदर कीड़े पाए गए। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद खाद्य सुरक्षा विभाग तुरंत हरकत में आ गया है और मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच प्रक्रिया शुरू करने...

अब आप पैराशूटी नेताओं के सहारे नहीं लड़ेगी चुनाव,पार्टी विचारधारा से जुड़े कार्यकर्ता उतरेंगे मैदान में 

मंडी, धर्मवीर-:पिछले विधानसभा चुनावों से सबक लेते हुए आम आदमी पार्टी ने 2027 के विधानसभा चुनावों में पैराशूटी नेताओं की जगह पार्टी की विचारधारा से जुड़े कार्यकर्ताओं को चुनावी मैदान मे उतारने का फैसला लिया है । मंडी में आयोजित प्रेस वार्ता के दौरान आप प्रदेश सह प्रभारी सुरेंद्र पंडित ने बताया कि इन दिनों...

रावी नदी का कटाव बढ़ा, बड़ा भंगाल गांव और हेलीपैड पर संकट गहराया

कांगड़ा-जिला कांगड़ा के दुर्गम क्षेत्र बड़ा भंगाल में रावी नदी का बढ़ता कटाव अब गंभीर चिंता का विषय बनता जा रहा है। गांव के साथ-साथ हेलीपैड पर भी खतरा मंडराने लगा है, लेकिन अब तक किसी ठोस बचाव कार्य की शुरुआत नहीं हो पाई है। स्थानीय ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि बरसात से...

कुल्लू में कूड़ा डंपिंग साइट को लेकर बढ़ा विरोध, समाधान न हुआ तो चुनाव बहिष्कार की चेतावनी

कुल्लू,17 अप्रैल -:नगर परिषद कुल्लू के वार्ड नंबर 3 में स्थित कूड़ा डंपिंग साइट को हटाने की मांग अब तेज हो गई है। स्थानीय निवासियों का एक प्रतिनिधिमंडल उपायुक्त अनुराग चंद्र शर्मा से मिला और समस्या के जल्द समाधान की मांग रखी। लोगों का कहना है कि शहर के बीचों-बीच, सरवरी नदी के पास बनाई...

20 अप्रैल तक प्रदेश में मौसम रहेगा खराब, ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी की संभावना

शिमला, संजू-: हिमाचल प्रदेश में अप्रैल का आधा महीना बीत जाने के बावजूद मौसम ने एक बार फिर करवट ले ली है। मौसम विभाग के ताजा पूर्वानुमान के अनुसार 17 से 19 अप्रैल के बीच प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश और ऊंचे इलाकों में बर्फबारी होने की संभावना है। इससे तापमान में गिरावट आएगी...

हम लाते हैं तेज़, साफ़ और भरोसेमंद ख़बरें — शोर के बीच भी सच्चाई तक पहुंचाने वाली।
चाहे ब्रेकिंग न्यूज़ हो या आपके लिए अहम कहानियाँ, हर दिन हम देते हैं समझदारी और रोचक अंदाज़ में कवरेज।

Must Read

©2025- All Right Reserved.