Hamirpur, Arvind-:हमीरपुर शहर में निजी पार्किंग स्थलों पर मनमाने शुल्क वसूली की लगातार मिल रही शिकायतों के बाद नगर निगम अब सख्त रुख अपनाने जा रहा है। आम लोगों को राहत देने के उद्देश्य से नगर निगम सरकारी दिशा-निर्देशों के अनुसार पार्किंग शुल्क निर्धारित करेगा और सभी निजी पार्किंग संचालकों का पंजीकरण अनिवार्य किया जाएगा। इसके बाद तय दरों से अधिक शुल्क वसूलने की अनुमति नहीं होगी।
उल्लेखनीय है कि नगर निगम हमीरपुर के गठन को एक वर्ष से अधिक समय बीत चुका है, लेकिन अब तक सरकार की ओर से स्पष्ट नियम और उपनियम तय नहीं हो पाए हैं। इसी कारण नगर निगम को कई फैसले अपने स्तर पर लेने पड़े। नियमों की कमी का फायदा उठाते हुए निजी पार्किंग संचालक मनमानी दरें वसूल रहे थे, जिससे शहरवासियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा था।नगर निगम हमीरपुर के आयुक्त राकेश शर्मा ने बताया कि शहर में सरकारी और निजी दोनों प्रकार की पार्किंग सुविधाएं मौजूद हैं। सरकारी पार्किंग स्थलों, जैसे डीसी कार्यालय के बाहर और नगर निगम द्वारा संचालित तीन-चार पार्किंग क्षेत्रों में शुल्क पूरी तरह नियंत्रित है और वहां अधिक वसूली की कोई शिकायत नहीं मिली है। समस्या मुख्य रूप से निजी पार्किंग स्थलों को लेकर सामने आई है।उन्होंने कहा कि फिलहाल निजी पार्किंग संचालक नगर निगम में पंजीकृत नहीं हैं। इसे लेकर जल्द ही सभी संचालकों के साथ बैठक आयोजित की जाएगी, जिसमें आपसी सहमति से पार्किंग दरें तय की जाएंगी। साथ ही यह भी सुनिश्चित किया जाएगा कि पार्किंग स्थलों पर सीसीटीवी कैमरे, वाहनों की सुरक्षा और निगरानी की उचित व्यवस्था हो।
नगर निगम आयुक्त ने बताया कि नियमों का उल्लंघन करने वालों पर जुर्माना लगाया जाएगा। फिलहाल जिले में किसी भी पार्किंग के लिए ट्रेड लाइसेंस जारी नहीं हुआ है। पहले इसकी अंतिम तिथि 31 जनवरी 2025 तय की गई थी, लेकिन अब व्यापारियों को ट्रेड लाइसेंस बनवाने के लिए कुछ अतिरिक्त समय दिया जाएगा, ताकि सभी निर्धारित नियमों के तहत कार्य कर सकें।