रेवाड़ी | हरियाणा में ‘वॉइस ऑफ एक्स-सर्विसमैन सोसाइटी’ ने मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी को पत्र लिखकर हरियाणा शिक्षक पात्रता परीक्षा (HTET) में पूर्व सैनिकों के लिए पूर्ण छूट देने की मांग की है। संगठन का कहना है कि सेना में सेवा के दौरान पूर्व सैनिकों ने राष्ट्र की सुरक्षा में योगदान दिया है और अब वे शिक्षा क्षेत्र में भी अपने अनुभव और योग्यता के माध्यम से राष्ट्र निर्माण में योगदान देना चाहते हैं।
संगठन के महासचिव, सूबेदार नरेंद्र सिंह यादव एडवोकेट ने बताया कि मुख्यमंत्री के माध्यम से सरकार से अनुरोध किया गया है कि HTET में पूर्व सैनिकों के लिए पात्रता मानदंडों में विशेष छूट प्रदान की जाए। इस पहल में कृष्ण एडवोकेट, सूबेदार उमेद सिंह चौहान, सूबेदार विजय पाल, सूबेदार बुधसिंह, हवलदार कंवर सिंह, हवलदार ईश्वर सिंह, हवलदार बिरेंद्र सिंह, सूबेदार युद्धवीर सिंह और नायक रणबीर सिंह भी शामिल हैं।
पूर्व सैनिकों का कहना है कि भारतीय सेना में सेवा के दौरान जवान लंबी अवधि तक परिवार और समाज से दूर रहते हैं और कठिन परिस्थितियों में देश की रक्षा करते हैं। ऐसे में शिक्षा क्षेत्र में सेवा देने के लिए उन्हें पात्रता मानदंडों में छूट मिलना उनके हक में है।
सरकारी रिकॉर्ड के अनुसार, हरियाणा सरकार समय-समय पर पूर्व सैनिकों को सिविल सेवा या अन्य आरक्षित पदों पर आहर्ता में ढील देती रही है। HTET में छूट मिलने से पूर्व सैनिक अपनी शैक्षिक योग्यताओं का पूरा उपयोग कर सकेंगे और शिक्षा क्षेत्र में सक्रिय योगदान देंगे। संगठन का यह भी कहना है कि इससे पूर्व सैनिकों का सरकारी योजनाओं और नीतियों पर विश्वास भी मजबूत होगा।