ऊना,राकेश-: हिमाचल प्रदेश में एंट्री टैक्स की दरों में बढ़ोतरी को लेकर राजनीतिक घमासान शुरू हो गया है। प्रदेश सरकार द्वारा नई दरें 1 अप्रैल से लागू करने की घोषणा के बाद विपक्ष ने इस फैसले का विरोध तेज कर दिया है। पूर्व मुख्यमंत्री और नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने इसे राज्य की अर्थव्यवस्था और पर्यटन के लिए नुकसानदेह करार दिया है।
जयराम ठाकुर ने कहा कि करों में सीमित वृद्धि परिस्थितियों के अनुसार समझी जा सकती है, लेकिन कई गुना बढ़ोतरी करना एक अपरिपक्व और दुर्भाग्यपूर्ण निर्णय है। उनका कहना है कि इस कदम से हिमाचल आने वाले पर्यटकों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ेगा, जिससे पर्यटन उद्योग प्रभावित हो सकता है। पर्यटन राज्य की अर्थव्यवस्था का प्रमुख आधार है और ऐसे फैसले से होटल, ट्रांसपोर्ट और छोटे व्यापारियों पर प्रतिकूल असर पड़ने की आशंका है.पूर्व मुख्यमंत्री ने विशेष रूप से सीमावर्ती क्षेत्रों की चिंता जताई। उन्होंने कहा कि पंजाब और हरियाणा से सटे इलाकों में रहने वाले लोगों के पारिवारिक और सामाजिक संबंध दोनों राज्यों में फैले हुए हैं। ऐसे में रिश्तेदारी निभाने या सामान्य आवाजाही के दौरान अधिक एंट्री टैक्स देना लोगों के लिए परेशानी का कारण बनेगा।इसके अलावा, सीमावर्ती क्षेत्रों में व्यापार करने वाले कारोबारियों पर भी इसका सीधा असर पड़ेगा। जयराम ठाकुर का कहना है कि सरकार को राजस्व बढ़ाने के लिए ऐसे कदम उठाने से पहले व्यापक विचार-विमर्श करना चाहिए था। उन्होंने प्रदेश सरकार से इस निर्णय पर पुनर्विचार करने की मांग की है।