मणिपुर | मणिपुर में सुरक्षा बलों ने उग्रवाद के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत बड़ी सफलता हासिल करते हुए प्रतिबंधित संगठन प्रीपैक (पीआरओ) से जुड़े चार उग्रवादियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने शनिवार को जारी बयान में बताया कि इन सभी को अलग-अलग स्थानों से जबरन वसूली और अन्य गैरकानूनी गतिविधियों में शामिल होने के आरोप में पकड़ा गया है।
पुलिस के अनुसार पिछले 48 घंटों के दौरान विभिन्न जिलों में चलाए गए विशेष अभियानों में इन उग्रवादियों को गिरफ्तार किया गया। इंफाल पश्चिम जिले में बृहस्पतिवार को क्षत्रिमयुम लाइबा मेइती (42) को लामदेंग खुनू स्थित उसके घर से हिरासत में लिया गया। इसी दिन संगठन के एक अन्य सदस्य को खुमान लाम्पक इलाके से भी पकड़ा गया।
इसके अलावा सुरक्षा बलों ने शुक्रवार को थौबल जिले के उयाल मखा लेइकाई क्षेत्र में छापेमारी कर थोकचोम रबीचंद्र सिंह (36) को गिरफ्तार किया। वहीं इंफाल पूर्व जिले के थोंगजू पार्ट-द्वितीय मखा लेइकाई स्थित घर से खुरैजाम रोजितकुमार सिंह (37) को भी पकड़ लिया गया। पुलिस का कहना है कि गिरफ्तार सभी आरोपी प्रतिबंधित संगठन के लिए काम कर रहे थे और लोगों से जबरन वसूली में संलिप्त थे।
इसी दौरान चुराचंदपुर जिले के थिंगहिजांग गांव में चलाए गए तलाशी अभियान में सुरक्षा बलों ने बड़ी मात्रा में हथियार भी बरामद किए। यहां से एक एके-47 राइफल, उसकी मैगजीन, तीन सिंगल बैरल राइफलें, एक बोल्ट-एक्शन राइफल और स्कोप से लैस स्नाइपर राइफल जब्त की गई।
एक अन्य अभियान में इंफाल पश्चिम जिले के संगाइथेल मखा लेइकाई क्षेत्र से एक .303 राइफल, दो देसी बोल्ट-एक्शन बंदूकें, मैगजीन सहित चार पिस्तौल, एक बम और .303 बोर के पंद्रह कारतूस बरामद किए गए।
पुलिस ने बताया कि बरामद हथियारों और गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ की जा रही है तथा मामले में आगे की जांच जारी है। सुरक्षा बलों का कहना है कि राज्य में उग्रवाद और अवैध गतिविधियों के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा।
जींद | जींद जिले के नरवाना में मिलावटखोरी के खिलाफ कार्रवाई करते हुए सीएम फ्लाइंग और खाद्य सुरक्षा विभाग की संयुक्त टीम ने ढाकल रोड स्थित रामकंद डेयरी पर छापा मारा। छापेमारी के दौरान टीम ने डेयरी से दूध और देसी घी के नमूने लेकर जांच के लिए प्रयोगशाला भेज दिए। अचानक हुई इस कार्रवाई से आसपास के क्षेत्र में हड़कंप मच गया और कई दुकानदार अपनी दुकानें बंद कर मौके से चले गए।
प्राप्त जानकारी के अनुसार अधिकारियों ने डेयरी परिसर से बड़ी मात्रा में दूध और घी पाया, जिसमें मिलावट की आशंका के चलते नमूने लिए गए। विभाग का कहना है कि प्रयोगशाला की रिपोर्ट आने के बाद यदि मिलावट की पुष्टि होती है तो संबंधित लोगों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
खाद्य सुरक्षा विभाग के अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि खाद्य पदार्थों में मिलावट किसी भी हालत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। विशेष रूप से मिठाइयों में अधिक रंगों के प्रयोग पर भी विभाग की नजर बनी हुई है। आने वाले दिनों में अन्य दुकानों और प्रतिष्ठानों पर भी इसी तरह की कार्रवाई जारी रहेगी।
खाद्य सुरक्षा अधिकारी डॉ. योगेश कादयान ने बताया कि सीएम फ्लाइंग और फूड सेफ्टी विभाग की संयुक्त टीम ने रामकंद डेयरी की जांच के दौरान दूध और घी के नमूने एकत्र किए हैं। इनकी रिपोर्ट लगभग 14 दिन में प्राप्त होगी और रिपोर्ट के आधार पर आगे की सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि मिलावट करने वालों को किसी भी स्थिति में बख्शा नहीं जाएगा।