चंडीगढ़ | हरियाणा में राज्यसभा की दो सीटों के लिए होने वाले चुनाव के मद्देनजर नामांकन दाखिल करने का आज अंतिम दिन है। भारतीय जनता पार्टी के उम्मीदवार संजय भाटिया और कांग्रेस के प्रत्याशी कर्मवीर सिंह बौद्ध ने अपना नामांकन पत्र दाखिल कर दिया है। संजय भाटिया के नामांकन के दौरान मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी भी मौजूद रहे।
वहीं, सतीश नांदल ने निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में नामांकन दाखिल किया है। उनके साथ विधायक सावित्री जिंदल, देवेंद्र कादियान और राजेश जून भी पहुंचे। नामांकन के बाद सतीश नांदल ने कहा कि वह निर्दलीय उम्मीदवार के तौर पर चुनाव मैदान में हैं और सभी दलों के विधायकों से समर्थन मांगेंगे। उन्होंने कहा कि कांग्रेस, भाजपा और इनेलो के सभी विधायक उनके भाई हैं और उनसे वोट देने की अपील करेंगे।
लोकसभा चुनाव में दर्ज की थी रिकॉर्ड जीत
भाजपा उम्मीदवार संजय भाटिया कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय से स्नातक हैं और उनका जन्म पानीपत जिले में हुआ है। वे भाजपा संगठन में महामंत्री के पद पर भी रह चुके हैं।
साल 2019 के लोकसभा चुनाव में संजय भाटिया ने कुरुक्षेत्र सीट से ऐतिहासिक जीत हासिल की थी। अपने पहले ही लोकसभा चुनाव में उन्होंने कांग्रेस प्रत्याशी कुलदीप शर्मा को 6.54 लाख मतों के बड़े अंतर से हराया था। उन्हें कुल 9,09,432 वोट मिले थे, जो प्रदेश के 53 साल के राजनीतिक इतिहास में सबसे बड़ी जीतों में से एक मानी जाती है।
कांग्रेस ने कर्मवीर सिंह बौद्ध पर जताया भरोसा
कांग्रेस उम्मीदवार कर्मवीर सिंह बौद्ध को पार्टी के भीतर संतुलित और सर्वस्वीकार्य चेहरा माना जाता है। वे लंबे समय से पार्टी के कार्यक्रमों और ‘संविधान बचाओ अभियान’ में सक्रिय भूमिका निभाते रहे हैं। अनुसूचित जाति समुदाय से आने वाले बौद्ध को सामाजिक संतुलन के लिहाज से भी अहम उम्मीदवार माना जा रहा है।
बताया जा रहा है कि लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने स्वयं उनके नाम का सुझाव दिया था। अंबाला जिले के मुलाना विधानसभा क्षेत्र के निवासी कर्मवीर सिंह बौद्ध प्रशासनिक सेवा से सेवानिवृत्त अधिकारी हैं और लंबे समय से कांग्रेस से जुड़े हुए हैं। पार्टी ने उन्हें हिमाचल प्रदेश में एससी सेल का प्रभारी भी बनाया था और वे राष्ट्रीय स्तर पर भी संगठनात्मक जिम्मेदारियां निभा चुके हैं। राज्यसभा चुनाव के लिए मतदान 16 मार्च को होना प्रस्तावित है।