Summer express, नई दिल्ली | केरल विधानसभा चुनाव में भाजपा अपनी पहली बड़ी जीत दर्ज करने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह को प्रचार के लिए मैदान में उतार रही है। पार्टी राज्य में आक्रामक रुख अपनाकर 140 सदस्यीय विधानसभा में अपनी पकड़ मजबूत करने की रणनीति पर काम कर रही है।
सूत्रों के अनुसार, प्रधानमंत्री मोदी प्रमुख जिलों का दौरा करेंगे, रैलियों को संबोधित करेंगे और पार्टी कार्यकर्ताओं में जोश भरेंगे। भाजपा की चुनावी रणनीति विशेष रूप से कासरगोड, पलक्कड़, तिरुअनंतपुरम, कोल्लम और त्रिशूर जैसे राजनीतिक रूप से महत्वपूर्ण क्षेत्रों में व्यापक जनसंपर्क पर केंद्रित है।
गृह मंत्री अमित शाह भी राज्य का दौरा करेंगे और संगठनात्मक मजबूती के साथ चुनावी तैयारियों की निगरानी करेंगे। पार्टी ने राज्य में अपने शीर्ष नेताओं की उपस्थिति को ऐतिहासिक जीत के लिए निर्णायक कदम के रूप में देखा है।
भाजपा को हाल के चुनावी सफलताओं से आत्मविश्वास मिला है। अभिनेता से राजनेता बने सुरेश गोपी की त्रिशूर लोकसभा सीट पर 70,000 से अधिक वोटों के अंतर से जीत और दिसंबर में तिरुअनंतपुरम नगर निगम पर पार्टी का नियंत्रण इस आत्मविश्वास को और मजबूत करता है।
भाजपा का मानना है कि इन बड़े नेताओं के दौरे से न केवल पार्टी कार्यकर्ताओं में उत्साह बढ़ेगा, बल्कि आम जनता पर भी सकारात्मक प्रभाव पड़ेगा। पार्टी चुनावी अभियानों में जनसंपर्क, रैलियों और स्थानीय मुद्दों पर जोर देकर अपने मतदाता आधार का विस्तार करने की रणनीति पर काम कर रही है।
विशेषज्ञों का कहना है कि मोदी और शाह का सक्रिय प्रचार भाजपा को केरल में चुनौतीपूर्ण राजनीतिक परिदृश्य में मजबूती देने में मदद कर सकता है। पार्टी का लक्ष्य राज्य में पहली बार विधानसभा में पर्याप्त सीटें जीतकर अपनी उपस्थिति को मजबूत करना है।