Summer express, नारनौल | हरियाणा रोडवेज के नारनौल डिपो की एक बस में ड्राइवर और कंडक्टर के बीच हुआ विवाद अब विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर रहा है। दिल्ली से झुंझनूं रूट पर चल रही इस बस में ढाबे पर बस रोकने को लेकर शुरू हुआ विवाद देखते ही देखते गाली-गलौज और तनावपूर्ण माहौल में बदल गया। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिससे विभाग की छवि को ठेस पहुंची है।
कंडक्टर जितेंद्र (C-82) के अनुसार, ड्राइवर विनोद कुमार (Spl-186) ने रेवाड़ी से सवारियां बैठाने से इनकार कर दिया और निर्धारित स्टॉप की बजाय अपनी मर्जी से ढाबे पर बस रोकने का दबाव बनाने लगा। जब कंडक्टर ने इसका विरोध किया, तो दोनों के बीच बहस बढ़ गई। वायरल वीडियो में ड्राइवर को बस चलाते हुए कंडक्टर के साथ अभद्र भाषा का इस्तेमाल करते देखा जा सकता है, जबकि बस में महिला यात्री भी मौजूद थीं।
कंडक्टर ने आरोप लगाया कि विवाद के दौरान उसे धमकाया गया और उसके साथ मारपीट भी की गई। इतना ही नहीं, झुंझनूं बस स्टैंड पहुंचने के बाद ड्राइवर ने कथित तौर पर उसे झूठे एससी/एसटी केस में फंसाने की धमकी भी दी। इस दौरान बस में मौजूद यात्रियों ने दोनों कर्मचारियों के व्यवहार पर नाराजगी जताई और समय पर बस संचालन की मांग की।
घटना के बाद कंडक्टर ने नारनौल डिपो के महाप्रबंधक को लिखित शिकायत देकर निष्पक्ष जांच और संबंधित ड्राइवर के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। साथ ही उसने भविष्य में उस ड्राइवर के साथ ड्यूटी न लगाने की भी अपील की है।
चलती बस में कर्मचारियों के बीच इस तरह का विवाद यात्रियों की सुरक्षा और सुविधा दोनों पर गंभीर सवाल खड़े करता है। अब यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि रोडवेज प्रशासन इस मामले में क्या कदम उठाता है और जिम्मेदारों पर किस प्रकार की कार्रवाई की जाती है।