Summer express, गुरुग्राम। हरियाणा के गुरुग्राम के उद्योग विहार इलाके में एक युवक की आत्महत्या के मामले ने कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। बिहार के बेगूसराय निवासी रामपुकार यादव ने कमरे में फंदा लगाकर जान दे दी। आत्महत्या से महज 15 मिनट पहले उसने अपने भाई और भांजे को व्हाट्सएप पर 8 पन्नों का सुसाइड नोट भेजा, जिसमें कंपनी के सुपरवाइजर पर मानसिक प्रताड़ना, ब्लैकमेलिंग और शारीरिक शोषण जैसे गंभीर आरोप लगाए गए हैं।
मृतक उद्योग विहार फेज-2 स्थित एक कंपनी में कार्यरत था। सुसाइड नोट में रामपुकार ने लिखा कि पिछले तीन वर्षों से कंपनी का सुपरवाइजर देवेंद्र कुमार उसे लगातार परेशान कर रहा था। आरोप है कि आरोपी उसे जातीय और क्षेत्रीय टिप्पणियां करते हुए ‘बिहारी’ कहकर अपमानित करता था और मानसिक रूप से प्रताड़ित करता था।
रामपुकार ने अपने नोट में दावा किया कि एक दिन आरोपी ने उसे कोल्ड ड्रिंक में शराब मिलाकर पिला दी, जिसके बाद बेहोशी की हालत में उसके साथ गलत हरकत की गई। विरोध करने पर आरोपी ने उसे ब्लैकमेल करना शुरू कर दिया और नकदी की मांग करने लगा।
सुसाइड नोट में यह भी उल्लेख किया गया है कि आरोपी ने उस पर अन्य महिलाओं की व्यवस्था करने का दबाव बनाया। जब उसने मना किया तो आरोपी ने उसकी पत्नी को गांव से बुलाने की धमकी दी। मृतक ने आरोप लगाया कि आरोपी बिहार और वहां की महिलाओं को लेकर भी अपमानजनक टिप्पणियां करता था।
रामपुकार ने कंपनी प्रबंधन पर भी गंभीर सवाल उठाए हैं। उसने लिखा कि उसने कई बार कंपनी के मैनेजर, एडमिन और एचआर विभाग से शिकायत की, लेकिन किसी ने कार्रवाई करने के बजाय उसे चुप रहकर काम करने की सलाह दी। लगातार बढ़ती प्रताड़ना और परिवार तक बात पहुंचने के बाद वह मानसिक रूप से टूट गया।
परिजनों का आरोप है कि घटना के करीब 30 घंटे बाद भी पुलिस ने मामला दर्ज नहीं किया। नाराज परिजन शव को लेकर बिहार के बेगूसराय स्थित पैतृक गांव लौट गए, जहां अंतिम संस्कार किया गया।
वहीं पुलिस का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है और सुसाइड नोट समेत सभी तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।