Summer express/शिमला, संजू -:शिमला के भट्टाकुफर स्थित सरस्वती पैराडाइज स्कूल की संचालिका मनीषा मित्तल की हत्या के बाद पूरे प्रदेश में आक्रोश का माहौल है। इस दर्दनाक घटना ने न केवल शिक्षा जगत बल्कि आम लोगों को भी झकझोर कर रख दिया है। न्याय की मांग को लेकर लोग सड़कों पर उतर आए हैं और मामले की निष्पक्ष जांच की मांग कर रहे हैं।
घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए हिमाचल प्रदेश के शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर ने गहरा दुख व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि इस पूरे प्रकरण की विस्तृत रिपोर्ट तलब की गई है और जांच के आधार पर जो भी व्यक्ति दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकार इस मामले को गंभीरता से ले रही है और किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।गौरतलब है कि मनीषा मित्तल ने अपनी हत्या से पहले सार्वजनिक रूप से सुरक्षा को लेकर चिंता जताई थी। उन्होंने प्रेस वार्ता के माध्यम से अपनी जान को खतरा होने की बात कही थी। इसके अलावा सोशल मीडिया पर भी उन्होंने अपने परिजनों के साथ सुरक्षा संबंधी आशंकाएं साझा की थीं। ऐसे में अब यह सवाल उठ रहा है कि खतरे की आशंका जताने के बावजूद उनकी सुरक्षा के लिए पर्याप्त कदम क्यों नहीं उठाए गए।फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है, लेकिन अभी तक आरोपियों के संबंध में कोई ठोस जानकारी सामने नहीं आई है। प्रदेशभर की निगाहें अब जांच के नतीजों पर टिकी हैं और लोग मनीषा मित्तल को न्याय दिलाने की मांग कर रहे हैं।