धर्मशाला, राहुल-:मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने अपने कांगड़ा प्रवास के दौरान धर्मशाला को विकास की एक और बड़ी सौगात दी। मुख्यमंत्री ने धर्मशाला में एकीकृत आयुष अस्पताल का शिलान्यास किया और इस अवसर पर प्रदेश सरकार की विभिन्न विकास योजनाओं की जानकारी भी साझा की। उन्होंने कहा कि कांगड़ा को पर्यटन राजधानी बनाने की दिशा में सरकार तेजी से कार्य कर रही है और क्षेत्र के समग्र विकास के लिए कई महत्वाकांक्षी परियोजनाएं धरातल पर उतारी जा रही हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि धर्मशाला में कांग्रेस का विधायक नहीं होने के बावजूद प्रदेश सरकार ने विकास कार्यों में कोई भेदभाव नहीं किया है। उन्होंने बताया कि शहर में नए सरकारी कार्यालय स्थापित किए गए हैं, जबकि कुछ महत्वपूर्ण कार्यालयों को शिमला से धर्मशाला स्थानांतरित किया गया है ताकि लोगों को बेहतर प्रशासनिक सुविधाएं मिल सकें।उन्होंने कहा कि कांगड़ा जिले के विकास के लिए सरकार ने दीर्घकालिक योजनाएं तैयार की हैं। कई परियोजनाओं पर काम शुरू हो चुका है और आने वाले समय में क्षेत्र को नई विकास योजनाओं की सौगात मिलेगी। धर्मशाला नगर निगम आयुक्त को लेकर चल रहे विवाद पर मुख्यमंत्री ने कहा कि वह इस विषय पर अधिक टिप्पणी नहीं करना चाहते, लेकिन आयुक्त का कार्य सराहनीय रहा है।मुख्यमंत्री सुक्खू ने कहा कि प्रदेश सरकार ने कांगड़ा को पर्यटन राजधानी का दर्जा दिया है और गगल एयरपोर्ट विस्तार परियोजना को भी गति प्रदान की है। उन्होंने कहा कि जिस परियोजना की लंबे समय से चर्चा हो रही थी, उसे वर्तमान सरकार ने आगे बढ़ाकर अमलीजामा पहनाने का कार्य किया है।उन्होंने बताया कि पालमपुर हेलीपोर्ट का निर्माण पूरा हो चुका है और धर्मशाला तथा पालमपुर को हवाई सेवाओं से जोड़ने के प्रयास जारी हैं। इसके अलावा बनखंडी में अंतरराष्ट्रीय स्तर का चिड़ियाघर विकसित किया जा रहा है, जिससे पर्यटन गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा और स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी।मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में बढ़ती पर्यटकों की संख्या का लाभ सीधे तौर पर स्थानीय व्यापारियों, होटल व्यवसायियों और आम लोगों को मिल रहा है, जिससे हिमाचल की अर्थव्यवस्था को नई गति प्राप्त हो रही है।