Summer express, नागपुर। महाराष्ट्र के नागपुर में वायुसेना अधिकारी की पत्नी के कथित जबरन धर्मांतरण, यौन शोषण और ब्लैकमेलिंग मामले में पुलिस को अहम सफलता मिली है। इस मामले में नामजद तीसरे आरोपी मौलाना मजरत महमूद मकसूद ने देर रात सोनेगांव पुलिस थाने में आत्मसमर्पण कर दिया। सरेंडर के तुरंत बाद पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया। आरोपी को गुरुवार को अदालत में पेश किया जाएगा, जहां पुलिस उसकी रिमांड की मांग करेगी।
पुलिस के अनुसार, इस मामले के मुख्य आरोपी अयाज मदारे और उसका सहयोगी अमीन शेख पहले से ही पुलिस हिरासत में हैं। जांच एजेंसियों का दावा है कि गिरफ्तार मौलाना ने कथित धर्मांतरण प्रक्रिया और निकाह से जुड़ी गतिविधियों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी।
पूछताछ में खुल सकते हैं कई अहम राज
जांच अधिकारियों का मानना है कि मौलाना से पूछताछ के दौरान मामले से जुड़े कई नए तथ्य सामने आ सकते हैं। पुलिस अब कथित निकाहनामा और अन्य दस्तावेजों की जांच कर रही है। साथ ही यह भी पता लगाया जा रहा है कि इस पूरे घटनाक्रम में अन्य लोगों की भूमिका तो नहीं थी और क्या इसी तरह के अन्य मामले भी सामने आए हैं।
महिला ने लगाए गंभीर आरोप
एफआईआर के अनुसार, पीड़िता ने आरोप लगाया है कि फरवरी 2025 में एक होटल में मुलाकात के दौरान मुख्य आरोपी ने उसे नशीला पदार्थ पिलाकर उसकी आपत्तिजनक तस्वीरें और वीडियो बना लिए। बाद में इन्हीं के आधार पर उसे ब्लैकमेल किया गया और कथित तौर पर मानसिक, आर्थिक एवं शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया गया।
महिला का आरोप है कि उसके साथ बार-बार यौन उत्पीड़न किया गया और उससे लाखों रुपये की वसूली की गई। उसने यह भी दावा किया कि उसे उसकी इच्छा के विरुद्ध धार्मिक अनुष्ठानों में शामिल कराया गया और धर्म परिवर्तन के लिए दबाव बनाया गया।
धर्म परिवर्तन और निकाह का आरोप
पीड़िता के अनुसार, मई 2025 में उसे कथित तौर पर एक धार्मिक कार्यक्रम में ले जाया गया, जहां अनुष्ठानों के बाद उसे धर्म परिवर्तन करने और निकाह स्वीकार करने के लिए मजबूर किया गया। महिला का कहना है कि पूरी प्रक्रिया उसकी इच्छा के खिलाफ हुई।
फिलहाल पुलिस मामले के सभी पहलुओं की गहन जांच कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि उपलब्ध साक्ष्यों और आरोपियों से पूछताछ के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।