Summer express,हिसार। नगर निगम के सफाई कर्मचारियों की 23 दिन से जारी हड़ताल के बीच शहर की सफाई व्यवस्था को पटरी पर लाने की कवायद शुरू हो गई है। हड़ताल के 24वें दिन सेक्टर-14 में डोर-टू-डोर कचरा उठाने की सेवा शुरू की गई। नगर निगम की ओर से कचरा उठाने वाली गाड़ियों को एक साथ क्षेत्र में भेजा गया। किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए मौके पर पुलिस बल भी तैनात रहा।
रक्षाबंधन के चलते दिन में कचरा उठाने का अभियान नहीं चलाया गया। इसके बाद रात करीब 10 बजे पुलिस की मौजूदगी में सेक्टर-14 से कचरा उठाने की प्रक्रिया शुरू की गई। निगम प्रशासन ने जेसीबी और अन्य वाहनों की मदद से विभिन्न स्थानों पर जमा कचरे को हटवाया।
सफाई कर्मचारियों की हड़ताल के कारण हिसार में अब तक 4500 टन से अधिक कचरा जमा होने का दावा किया जा रहा है। शहर के रिहाइशी इलाकों, मुख्य सड़कों, बाजारों, गलियों और चौराहों पर कचरे के ढेर लगे हुए हैं। लंबे समय से कचरा जमा होने के कारण दुर्गंध फैल रही है और लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। कचरे के आसपास आवारा पशुओं का जमावड़ा भी बढ़ गया है, जिससे लोगों की दिक्कत और बढ़ गई है।
शहर में वार्ड नंबर तीन और सेक्टर-14 में कचरे की समस्या सबसे अधिक बताई जा रही है। वार्ड तीन में मुख्य मार्गों से लेकर अंदरूनी गलियों तक कचरा फैला हुआ है। वहीं सेक्टर-14 में निगम प्रशासन पहले ही दो स्थानों से जेसीबी की मदद से कचरा हटवा चुका है, लेकिन इन स्थानों पर दोबारा कचरा जमा हो रहा है। निगम के अनुसार, सफाई किए जाने के बाद भी कुछ स्थानों पर लोग फिर से कचरा डाल रहे हैं।
इस बीच हड़ताल पर बैठे सफाई कर्मचारियों ने अपनी लंबित मांगें पूरी होने तक आंदोलन जारी रखने का फैसला दोहराया है। नगरपालिका कर्मचारी संघ के प्रधान सुरेंद्र उर्फ गोलू ने आरोप लगाया कि सरकार और निगम प्रशासन कर्मचारियों की जायज मांगों को गंभीरता से नहीं ले रहे हैं। उन्होंने कहा कि जब तक सभी मांगें पूरी नहीं होतीं, हड़ताल समाप्त नहीं की जाएगी।
लंबे समय से सड़कों और सार्वजनिक स्थानों पर जमा कचरे के कारण शहर में दुर्गंध और गंदगी की स्थिति बनी हुई है। लोगों को संक्रमण फैलने का भी डर सता रहा है। ऐसे में नगर निगम के सामने एक ओर सफाई कर्मचारियों की हड़ताल का समाधान निकालने और दूसरी ओर शहर में जमा कचरे को जल्द हटाकर सफाई व्यवस्था बहाल करने की चुनौती बनी हुई है।