summer express,राकेश कुमार शर्मा,करनाल। वाहन चोरी की बढ़ती वारदातों पर अंकुश लगाने के लिए करनाल पुलिस के एंटी ऑटो थेफ्ट स्टाफ CIA-1 ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस की दो टीमों ने अलग-अलग स्थानों पर कार्रवाई करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से चोरी की 9 मोटरसाइकिल और 2 एक्टिवा बरामद हुई हैं। बरामद किए गए वाहनों में करनाल के अलावा पानीपत जिले से चोरी किए गए वाहन भी शामिल हैं।
एंटी ऑटो थेफ्ट स्टाफ CIA-1 को 17 सितंबर को वाहन चोरी के संबंध में गुप्त सूचना मिली थी। इसके बाद एंटी ऑटो थेफ्ट इंचार्ज निरीक्षक रोहताश सिंह के नेतृत्व में दो पुलिस टीमों का गठन किया गया। टीमों ने अलग-अलग स्थानों पर नाकाबंदी कर संदिग्ध वाहनों और लोगों की जांच शुरू की।
पहली टीम ने करनाल बाईपास रिंग रोड पर गांव कुटेल के क्षेत्र से साहिल कुमार उर्फ दीवा और मनीष, दोनों निवासी गांव कैरवाली, जिला करनाल को चोरी की मोटरसाइकिल के साथ गिरफ्तार किया। पूछताछ के दौरान पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से कुल सात चोरी की मोटरसाइकिल बरामद कीं।
वहीं दूसरी टीम ने पश्चिमी यमुना नहर के पास कार्रवाई करते हुए आकाश उर्फ काशी निवासी जुण्डला और धीरज उर्फ आजाद निवासी हांसी चौक, करनाल को चोरी की मोटरसाइकिल के साथ गिरफ्तार किया। पुलिस के मुताबिक इन दोनों आरोपियों के कब्जे से दो मोटरसाइकिल और दो एक्टिवा बरामद हुईं।
पुलिस जांच में सामने आया है कि बरामद वाहन थाना शहर करनाल, सिविल लाइन, रामनगर, इंद्री, मधुबन और सदर करनाल क्षेत्र के अलावा पानीपत जिले से चोरी किए गए थे। पुलिस अब आरोपियों से पूछताछ कर यह पता लगाने में जुटी है कि चोरी किए गए वाहनों को कहां बेचा या खपाया जाता था और इस गिरोह से अन्य कौन-कौन लोग जुड़े हुए हैं।
एंटी ऑटो थेफ्ट इंचार्ज निरीक्षक रोहताश सिंह ने बताया कि वाहन चोरी की वारदातों को रोकने के लिए पुलिस लगातार अभियान चला रही है। इसी अभियान के तहत चार आरोपियों को गिरफ्तार कर कुल 11 चोरी के वाहन बरामद किए गए हैं। पुलिस के अनुसार आरोपी नशे के आदी हैं और आकाश उर्फ काशी का पहले भी आपराधिक रिकॉर्ड रहा है तथा वह जेल जा चुका है।
पुलिस आरोपियों को अदालत में पेश कर रिमांड की मांग करेगी, ताकि पूछताछ के दौरान वाहन चोरी से जुड़े अन्य मामलों और नेटवर्क के बारे में जानकारी जुटाई जा सके। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वाहन पार्क करते समय सुरक्षित स्थान, निगरानी वाली जगह या पेड पार्किंग का इस्तेमाल करें, ताकि चोरी की घटनाओं से बचाव हो सके।