Summer express, अनिल मंगला, फरीदाबाद।हरियाणा के फरीदाबाद जिले के फरीदपुर गांव के रहने वाले नीरज फरीदपुरिया और हरियाणा के वांछित अपराधी हिमांशु भाऊ को अमेरिका में गिरफ्तार किए जाने की खबर सामने आई है। सूत्रों के मुताबिक, दोनों को अमेरिका में एक साथ रहने के दौरान पकड़ा गया। बताया जा रहा है कि हरियाणा एसटीएफ से मिले इनपुट के आधार पर अमेरिकी एजेंसी एफबीआई ने यह कार्रवाई की है। भारतीय एजेंसियां दोनों को भारत लाने के लिए प्रत्यर्पण की प्रक्रिया आगे बढ़ाने में जुटी हैं। हालांकि, गिरफ्तारी और प्रत्यर्पण की स्थिति को लेकर आधिकारिक पुष्टि का इंतजार है।
नीरज फरीदपुरिया पर हरियाणा, दिल्ली और पंजाब समेत कई राज्यों में हत्या, हत्या के प्रयास, रंगदारी और मारपीट जैसे गंभीर अपराधों के 25 से अधिक मामले दर्ज होने की जानकारी सामने आई है। उसका नाम कई चर्चित आपराधिक मामलों में भी जुड़ चुका है। कांग्रेस नेता विकास चौधरी की हत्या के मामले में भी उस पर आरोप लगे थे। इसके अलावा, फरीदाबाद में भाजपा नेता विनोद भाटी के कार्यालय पर फायरिंग कर रंगदारी मांगने और एल्विश यादव के घर पर हुई फायरिंग के मामले में भी उसका नाम सामने आने की बात कही गई है। इन मामलों में आरोपों और उनकी कानूनी स्थिति को अलग-अलग देखना जरूरी है।
गांव में विवाद के बाद अपराध की दुनिया में आने की चर्चा
फरीदपुर गांव में रहने वाली नीरज की ताई पार्वती के अनुसार, उसका परिवार कई साल पहले गांव छोड़कर चला गया था। परिवार में तीन भाई और एक बहन हैं। पार्वती ने बताया कि वर्ष 2008 में गांव के तत्कालीन सरपंच के साथ विवाद हुआ था, जिसके चलते नीरज जेल भी गया था। उनके मुताबिक, इसके बाद नीरज का नाम धीरे-धीरे अन्य आपराधिक घटनाओं में सामने आने लगा।
नीरज के शुरुआती जीवन और अपराध जगत से जुड़ने को लेकर अलग-अलग रिपोर्टों में अलग-अलग विवरण सामने आए हैं। कुछ रिपोर्टों के अनुसार, वर्ष 2012 में हरियाणा पुलिस ने उसे मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार किया था। वहीं, वर्ष 2015 में एक हत्या के मामले में उसे उम्रकैद की सजा सुनाए जाने की जानकारी भी सामने आई थी। इन घटनाओं और मामलों की पूरी कानूनी स्थिति की स्वतंत्र पुष्टि आवश्यक है।
जेल में दूसरे अपराधियों से संपर्क में आने की बात
सूत्रों के मुताबिक, गांव में विवाद के बाद नीरज के नीमका जेल जाने की चर्चा है, जहां उसकी मुलाकात टेकचंद खेड़ी से हुई थी। बाद में भोंडसी जेल में उसकी मुलाकात कौशल चौधरी के गिरोह से जुड़े लोगों से होने की बात कही जाती है। इसके बाद वह कथित तौर पर इस नेटवर्क के संपर्क में आया। वर्ष 2019 में पंजाब एवं हरियाणा हाई कोर्ट से जमानत मिलने के बाद उसके जेल से बाहर आने की जानकारी भी रिपोर्टों में सामने आई थी।
कई चर्चित वारदातों में सामने आया नाम
नीरज फरीदपुरिया का नाम हरियाणा में कई चर्चित आपराधिक घटनाओं के साथ जुड़ता रहा है। कांग्रेस नेता विकास चौधरी की हत्या के मामले में उस पर आरोप लगाए गए थे। इसके अलावा, फरीदाबाद में भाजपा नेता विनोद भाटी के कार्यालय पर फायरिंग और रंगदारी मांगने के मामले में भी उसका नाम सामने आया था। एल्विश यादव के घर पर हुई फायरिंग के मामले में भी उसका नाम चर्चा में आया। इन सभी मामलों में संबंधित जांच और अदालतों की कार्यवाही के आधार पर ही अंतिम कानूनी निष्कर्ष तय होंगे।
प्रत्यर्पण को लेकर आधिकारिक जानकारी का इंतजार
जांच एजेंसियों से जुड़े सूत्रों के हवाले से दावा किया जा रहा है कि नीरज फरीदपुरिया और हिमांशु भाऊ की गिरफ्तारी हरियाणा एसटीएफ के इनपुट के आधार पर हुई है। दोनों को भारत लाने के लिए प्रत्यर्पण की प्रक्रिया आगे बढ़ाए जाने की संभावना जताई जा रही है। हालांकि, अमेरिकी अधिकारियों, एफबीआई या भारत सरकार की ओर से गिरफ्तारी और प्रत्यर्पण को लेकर आधिकारिक पुष्टि सामने आने के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।