काठमांडू | नेपाल में सरकार द्वारा सोशल मीडिया पर प्रतिबंध लगाए जाने के खिलाफ युवाओं का गुस्सा फूट पड़ा। सोमवार को राजधानी काठमांडू में हुए विरोध प्रदर्शनों के दौरान हालात बेकाबू हो गए। पुलिस के मुताबिक, अब तक कम से कम 14 लोगों की मौत और 80 से अधिक घायल होने की खबर है।
प्रदर्शनकारियों ने संसद भवन में घुसकर जमकर हंगामा किया। हालात बिगड़ने पर पुलिस ने लाठीचार्ज, आंसू गैस और रबर बुलेट का इस्तेमाल कर भीड़ को तितर-बितर करने की कोशिश की। बढ़ते तनाव को देखते हुए प्रशासन ने कई इलाकों में कर्फ्यू लागू कर दिया।
कैसे भड़की हिंसा
स्थानीय मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, सुबह हजारों युवा और छात्र मैतीघर व बानेश्वर इलाकों में मार्च निकाल रहे थे। उन्होंने सरकार पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाते हुए कहा कि फेसबुक, व्हाट्सएप और एक्स सहित 26 सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर बैन अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता पर हमला है।
प्रदर्शन के दौरान भीड़ ने संसद भवन के पास पुलिस बैरिकेड तोड़ दिए। इसके बाद दोनों पक्षों के बीच टकराव बढ़ा और माहौल हिंसक हो गया।
धारा 144 जैसी पाबंदियां लागू
काठमांडू जिला प्रशासन ने संसद भवन और आसपास के इलाकों में सोमवार दोपहर 12:30 बजे से रात 10 बजे तक धारा 144 जैसी निषेधाज्ञा लागू कर दी। इस दौरान लोगों के जमा होने, मार्च, धरना या किसी भी प्रकार के प्रदर्शन की अनुमति नहीं होगी।