चंडीगढ़। हरियाणा दिवस के मौके पर राज्य सरकार शनिवार को प्रदेश की महिलाओं को बड़ी राहत देने जा रही है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ‘दीन दयाल लाडो लक्ष्मी योजना’ के तहत करीब पांच लाख पात्र महिलाओं के बैंक खातों में 2100 रुपये की पहली किस्त ट्रांसफर करेंगे। यह राशि उन लाभार्थी महिलाओं को दी जाएगी, जिनके आवेदन का सत्यापन पूरा हो चुका है।
सरकार ने सभी जिलों के उपायुक्तों को निर्देश दिए हैं कि वे शनिवार को विशेष शिविर लगाकर पात्र महिलाओं के आवेदन स्वीकार करें। आवेदन प्रक्रिया फिलहाल जारी रहेगी, और जिन महिलाओं का सत्यापन बाद में पूरा होगा, उन्हें अगली किस्त से योजना का लाभ दिया जाएगा।
तीन शर्तें पूरी करने वाली महिलाओं को पहले चरण में लाभ
इस योजना की घोषणा विधानसभा चुनाव से पहले भाजपा सरकार द्वारा की गई थी। 25 सितंबर को योजना का मोबाइल एप लॉन्च किया गया था। पहले चरण में उन्हीं महिलाओं को शामिल किया गया है जिनकी पारिवारिक वार्षिक आय एक लाख रुपये से कम है, आयु 23 वर्ष या उससे अधिक है, और यदि महिला विवाहित है तो उसके पति का हरियाणा में कम से कम 15 वर्ष का मूल निवास होना आवश्यक है। योजना में परिवार की पात्र महिलाओं की संख्या पर कोई प्रतिबंध नहीं रखा गया है।
अगले चरणों में बढ़ेगी दायरे की सीमा
सरकार ने योजना को चार चरणों में लागू करने की योजना बनाई है। दूसरे चरण में एक लाख 40 हजार रुपये वार्षिक आय वाले परिवारों की महिलाओं को शामिल किया जाएगा, जबकि तीसरे चरण में यह सीमा 1.80 लाख और चौथे चरण में तीन लाख रुपये तक बढ़ेगी। उम्मीद है कि सरकार इस संबंध में घोषणा 2026 के बजट सत्र में कर सकती है।
महिला सशक्तिकरण के लिए राज्यों में प्रतिस्पर्धा
वित्तीय सहायता योजनाओं के मामले में झारखंड इस समय देश का अग्रणी राज्य माना जा रहा है। वहां मुख्यमंत्री ‘मैया सम्मान योजना’ के तहत 18 से 50 वर्ष की महिलाओं को हर महीने 2500 रुपये दिए जा रहे हैं। इस योजना से करीब 55 लाख महिलाएं लाभान्वित हो रही हैं, जिसके लिए राज्य सरकार ने लगभग 16 हजार करोड़ रुपये का बजट निर्धारित किया है।