हिसार। प्रदेश में रविवार सुबह सीजन की पहली धुंध छा गई, जिससे जनजीवन प्रभावित हुआ। पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने के कारण सुबह करीब छह बजे हिसार, सिरसा, फतेहाबाद, रोहतक, भिवानी, झज्जर, गुरुग्राम, फरीदाबाद और मेवात क्षेत्र में धुंध देखने को मिली। हिसार में कहीं घनी तो कहीं हल्की धुंध छाई रही, जिसके चलते दृश्यता घटकर 10 से 50 मीटर तक रह गई।
घनी धुंध के कारण सड़क हादसे भी सामने आए। रविवार सुबह चंडीगढ़–सिरसा मार्ग पर लाडवा के पास 12 वाहन आपस में टकरा गए। इस हादसे में एक बाइक सवार की मौत हो गई, जबकि चार रोडवेज बसों सहित कई वाहन क्षतिग्रस्त हुए। बसों में सवार यात्रियों को मामूली चोटें आईं। वहीं खराब मौसम के चलते जयपुर–अयोध्या फ्लाइट को रद्द करना पड़ा, जिसके बाद नया शेड्यूल जारी किया गया।
मौसम विज्ञानी डॉ. चंद्रमोहन ने बताया कि 19 दिसंबर को एक नया लेकिन कमजोर पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होगा। इसके प्रभाव से 19 से 21 दिसंबर के बीच प्रदेश में बादल छाए रहेंगे, हालांकि बारिश की संभावना नहीं है। इस दौरान उत्तरी पर्वतीय क्षेत्रों में बर्फबारी जारी रहने की संभावना है। 21 दिसंबर के बाद धुंध बढ़ने से तापमान में गिरावट दर्ज की जा सकती है।
इसके अलावा 25 दिसंबर को एक और पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने से मौसम में फिर बदलाव आएगा और तापमान में उतार-चढ़ाव देखने को मिलेगा। रविवार को हिसार का न्यूनतम तापमान 7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि महेंद्रगढ़-नारनौल में न्यूनतम तापमान 7.8 डिग्री सेल्सियस रहा।
डॉ. चंद्रमोहन के अनुसार, पश्चिमी विक्षोभों के प्रभाव से हरियाणा में मौसम परिवर्तनशील बना हुआ है। अधिक बादलावाही के साथ दिन और रात के तापमान में उछाल देखा जा रहा है। अरब सागर में सक्रिय पश्चिमी विक्षोभों के कारण फिलहाल सर्दी का असर कुछ कम है और ठंड के मौसम में भी हल्की गर्मी का एहसास हो रहा है।
मौसम विभाग के अनुसार 24 दिसंबर तक मौसम शुष्क बना रहेगा। हालांकि कमजोर पश्चिमी विक्षोभ के चलते दक्षिण-पूर्वी हवाएं चलने से तापमान में मामूली बढ़ोतरी हो सकती है। सोमवार को यह मौसम प्रणाली आगे बढ़ जाएगी।