अमृतसर | जिले के सरकारी, प्राइवेट और एडिड स्कूलों में संदिग्ध व्यक्तियों की एंट्री पर रोक लगा दी गई है। जिला शिक्षा अधिकारी (सैकेंडरी) राजेश शर्मा ने स्कूल परिसर में आने वाले प्रत्येक व्यक्ति का रिकॉर्ड मुख्य गेट पर दर्ज करने के आदेश दिए हैं। स्कूल प्रमुखों को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि कोई भी संदिग्ध व्यक्ति यदि परिसर में प्रवेश करता है तो इसकी तुरंत सूचना शिक्षा विभाग और पुलिस प्रशासन को दी जाए।
राजेश शर्मा ने कहा कि छात्रों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और जिला प्रशासन व शिक्षा विभाग पूरी तत्परता के साथ इस दिशा में काम कर रहे हैं। स्कूलों में आने वाले हर अभिभावक, शिक्षक और अन्य व्यक्ति से मुख्य द्वार पर पूछताछ की जाएगी और उनका डेटा रजिस्टर में दर्ज किया जाएगा।
इसके साथ ही, स्कूल प्रमुखों को निर्देश दिए गए हैं कि वे सभी शिक्षकों से कक्षा निरीक्षण कराएं और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तुरंत प्रिंसिपल को दें। छात्रों को भी स्कूल में किसी संदिग्ध स्थिति को देखने पर इसकी सूचना देने के लिए कहा गया है।
जिला शिक्षा अधिकारी ने बताया कि उपरोक्त निर्देशों के संबंध में जल्द ही स्कूल प्रमुखों को आधिकारिक पत्र जारी किए जाएंगे। इसके अलावा, रात के समय स्कूल परिसर में सुरक्षा कर्मियों की तैनाती सुनिश्चित करने की जिम्मेदारी भी प्रिंसिपलों को दी गई है।
पिछले समय में अमृतसर के कुछ निजी स्कूलों को धमकी भरे ईमेल मिले थे, जिन्हें जांच के बाद फर्जी पाया गया। फिलहाल, पुलिस प्रशासन फर्जी ईमेल भेजने वाले शरारती तत्वों की तलाश में सक्रिय है।
स्कूलों में छात्रों को सुरक्षित और अच्छा शैक्षणिक वातावरण प्रदान करने के लिए प्रशासन और शिक्षा विभाग पूरी सतर्कता के साथ काम कर रहे हैं।