करनाल | हरियाणा सरकार ने करनाल जिले में ग्राम पंचायतों की शामलात भूमि पर बने पुराने अवैध मकानों के नियमितीकरण को लेकर बड़ा कदम उठाया है। सरकार की ओर से ऐसे कब्जाधारियों से आवेदन मांगे गए हैं, जिनके मकान 31 मार्च 2004 या उससे पहले शामलात भूमि पर बने हैं। पात्र आवेदक 16 जनवरी 2026 तक संबंधित विभाग में आवेदन कर सकते हैं।
सरकार द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के अनुसार, नियमितीकरण के लिए आवेदक को वर्ष 2004 के कलेक्टर रेट के 1.5 गुना मूल्य का भुगतान करना होगा। आवेदन के साथ जरूरी दस्तावेज संलग्न करना अनिवार्य है, जिनमें जमाबंदी, खसरा गिरदावरी, मकान का साइट प्लान, फोटो तथा कम से कम 20 वर्षों के कब्जे से संबंधित प्रमाण पत्र शामिल हैं।
हरियाणा सरकार की ओर से 17 जनवरी 2025 को जारी अधिसूचना के तहत यह स्पष्ट किया गया था कि प्रकाशन की तिथि से 12 माह की अवधि के भीतर पात्र व्यक्ति उक्त भूमि की खरीद के लिए आवेदन कर सकते हैं। इसी कड़ी में अब करनाल जिले में आवेदन की प्रक्रिया तेज कर दी गई है।
नियमों के मुताबिक, कब्जा की गई भूमि का कुल क्षेत्रफल (निर्मित और खुला क्षेत्र मिलाकर) 500 वर्ग गज से अधिक नहीं होना चाहिए। इसके साथ ही खुला क्षेत्र, निर्मित क्षेत्र के 25 प्रतिशत से ज्यादा नहीं होना चाहिए।
इसके अलावा, ऐसा कोई भी अवैध निर्माण जो यातायात या अन्य सार्वजनिक सुविधाओं में बाधा डालता हो, उसे नियमितीकरण के दायरे में नहीं लाया जाएगा। तालाब, जल निकायों के लिए आरक्षित भूमि या राजस्व रिकॉर्ड में दर्ज राजस्व मार्ग पर बने निर्माण भी इस योजना के तहत पात्र नहीं होंगे।
प्रशासन ने पात्र कब्जाधारियों से अपील की है कि वे तय समय सीमा के भीतर अपने आवेदन और आवश्यक दस्तावेज जमा करें, ताकि निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार उनके मामलों पर कार्रवाई की जा सके।