Shimla –पानी की कमी से जूझ रहे शिमला के लिए राहत की खबर है। शिमला जल प्रबंधन निगम द्वारा प्रस्तावित करीब 30 बड़े जल भंडारण टैंकों के निर्माण को वित्त संविदा समिति (एफसीपीसी) ने मंजूरी दे दी है। ये टैंक नगर निगम की भूमि पर बनाए जाएंगे, जबकि वन विभाग की जमीन पर निर्माण के लिए एनओसी प्रक्रिया शुरू हो गई है।
मेयर सुरेंद्र चौहान और डिप्टी मेयर उमा कौशल की अध्यक्षता में हुई एफसीपीसी बैठक में इस परियोजना को स्वीकृति दी गई। यह कदम शिमला में पेयजल आपूर्ति को स्थिर और सुचारु बनाने की दिशा में मील का पत्थर माना जा रहा है।
कनलोग और मज्याठ में एंबुलेंस रोड को मिली मंजूरी
एफसीपीसी बैठक में कनलोग क्षेत्र में एक एंबुलेंस रोड को मुख्य सड़क से जोड़ने के प्रस्ताव को भी मंजूरी दी गई है। इसके निर्माण के लिए जल्द ही टेंडर प्रक्रिया शुरू की जाएगी। साथ ही मज्याठ वार्ड में नई एंबुलेंस रोड के निर्माण को भी स्वीकृति मिल गई है।
नगर निगम की आय बढ़ाने की दिशा में पहल
बैठक में नगर निगम की आय बढ़ाने के उपायों पर भी चर्चा की गई। इसमें प्रॉपर्टी टैक्स, भवन किराया और अन्य संसाधनों से आय को बढ़ाने की योजना बनाई जा रही है, जिसे अगली हाउस मीटिंग में प्रस्तुत किया जाएगा।
ये निर्णय न केवल शिमला के जल संकट के समाधान में मदद करेंगे, बल्कि स्वास्थ्य सेवाओं और बुनियादी ढांचे को भी मजबूत करेंगे।