Summer Express,अंबाला | हरियाणा में प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना की रफ्तार अधिकारियों की सुस्ती और प्रक्रियात्मक देरी के चलते धीमी पड़ती नजर आ रही है। वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए 55 हजार सौर संयंत्र लगाने का लक्ष्य तय किया गया था, लेकिन अब तक केवल 26,383 संयंत्र ही स्थापित हो सके हैं। 17 मार्च तक कुल लक्ष्य का महज 47.96 प्रतिशत ही पूरा हो पाया है, जबकि 31 मार्च तक इसे 100 प्रतिशत तक पहुंचाना है।
प्रदेश में योजना का प्रदर्शन जिलों के अनुसार असमान है। कुरुक्षेत्र ने 106 प्रतिशत से अधिक उपलब्धि हासिल कर शीर्ष स्थान बनाया है, जबकि अंबाला करीब 84 प्रतिशत लक्ष्य के साथ दूसरे स्थान पर है। कैथल और यमुनानगर भी बेहतर प्रदर्शन करते हुए लक्ष्य के करीब पहुंच रहे हैं।
वहीं, रोहतक, करनाल और पंचकूला जैसे जिले मध्यम स्थिति में हैं, जहां काम तो जारी है लेकिन अपेक्षित गति नहीं पकड़ पाया है। कई जगह छतें तैयार हैं, लेकिन सोलर सिस्टम लगाने की प्रक्रिया मंजूरी और कागजी कार्यवाही में उलझी हुई है।
सबसे चिंताजनक स्थिति झज्जर, पानीपत और खासकर सोनीपत में देखी जा रही है। सोनीपत में लक्ष्य के मुकाबले मात्र 28.03 प्रतिशत उपलब्धि दर्ज हुई है, जो योजना के कमजोर क्रियान्वयन को दर्शाती है।
योजना की धीमी प्रगति के पीछे कई कारण सामने आए हैं। आवेदन के बाद स्वीकृति में लंबा समय लग रहा है, अधिकृत एजेंसियों की संख्या सीमित है और लाभार्थियों को समय पर जानकारी नहीं मिल पा रही। सब्सिडी को लेकर भी लोगों में भ्रम बना हुआ है—कितनी मिलेगी और कब मिलेगी, यह स्पष्ट नहीं है। इसके अलावा, अधिकारियों द्वारा समय पर साइट निरीक्षण न करना और छोटी-छोटी त्रुटियों के चलते फाइलों को वापस करना भी बड़ी बाधा बन रहा है।
ग्रामीण क्षेत्रों में स्थिति और भी चुनौतीपूर्ण है, जहां लोगों में जागरूकता और रुचि दोनों अपेक्षाकृत कम हैं। हालांकि मार्च महीने में काम में तेजी देखी गई है और 17 मार्च तक 2,146 नए संयंत्र स्थापित किए गए, जिससे संकेत मिलता है कि समय सीमा नजदीक आने के साथ प्रयास तेज हुए हैं।
बिजली निगम के अधिकारियों का कहना है कि लक्ष्य हासिल करने के लिए जागरूकता अभियान चलाए जा रहे हैं और घर-घर जाकर लोगों को योजना के बारे में जानकारी दी जा रही है। इसके बावजूद, मौजूदा हालात यह साफ करते हैं कि यदि प्रक्रियाओं में तेजी नहीं लाई गई, तो ‘मुफ्त बिजली’ का सपना कागजों तक ही सीमित रह सकता है।