Summer express,राकेश कुमार शर्मा ,करनाल। हरियाणा के कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री श्याम सिंह राणा ने करनाल में आयोजित जिला लोक संपर्क एवं कष्ट निवारण समिति की बैठक में अधिकारियों को जनता की शिकायतों के प्रति गंभीर और जवाबदेह रहने के निर्देश दिए। बैठक के दौरान मंत्री ने साफ कहा कि आम लोगों को अपनी समस्याओं के समाधान के लिए बार-बार सरकारी दफ्तरों के चक्कर नहीं लगाने पड़ने चाहिए।
बैठक में विभिन्न विभागों से जुड़े कुल 14 मामलों पर सुनवाई की गई, जिनमें छह पुराने और आठ नए मामले शामिल थे। मंत्री ने सभी मामलों की विस्तार से समीक्षा की और अधिकारियों से जवाब तलब किया। इस दौरान नौ मामलों का मौके पर ही समाधान कर दिया गया, जबकि बाकी मामलों को जल्द निपटाने के निर्देश दिए गए।
बैठक के बाद मीडिया से बातचीत में कृषि मंत्री ने कहा कि सरकार का उद्देश्य केवल शिकायतें सुनना नहीं, बल्कि तय समय सीमा के भीतर उनका समाधान सुनिश्चित करना है। उन्होंने अधिकारियों को चेतावनी देते हुए कहा कि लापरवाही किसी भी स्तर पर स्वीकार नहीं की जाएगी और जनता को राहत देना प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी है।
प्रदेश में खाद की उपलब्धता को लेकर किसानों की चिंताओं पर मंत्री ने भरोसा दिलाया कि हरियाणा में यूरिया और डीएपी की कोई कमी नहीं आने दी जाएगी। उन्होंने कहा कि सरकार किसानों के हितों को ध्यान में रखते हुए खाद की पर्याप्त आपूर्ति सुनिश्चित कर रही है। साथ ही कालाबाजारी और कृत्रिम कमी पैदा करने वालों पर भी कड़ी नजर रखी जा रही है।
श्याम सिंह राणा ने प्राकृतिक खेती को भविष्य की जरूरत बताते हुए किसानों से इसे अपनाने की अपील की। उन्होंने कहा कि रासायनिक खेती की बढ़ती लागत किसानों पर आर्थिक बोझ बढ़ा रही है, जबकि प्राकृतिक खेती कम खर्च में बेहतर उत्पादन देने में सक्षम है। मंत्री ने कहा कि एक देसी गाय के जरिए करीब 20 एकड़ तक प्राकृतिक खेती की जा सकती है और गोबर-गोमूत्र से तैयार जीवामृत मिट्टी की उर्वरता बढ़ाने में कारगर साबित हो रहा है। उन्होंने गुरुकुल कुरुक्षेत्र में चल रहे प्राकृतिक खेती के सफल प्रयोगों का भी जिक्र किया।
धान खरीद में गड़बड़ियों और घोटालों पर सख्ती दिखाते हुए कृषि मंत्री ने कहा कि भविष्य में पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए मंडियों में जियो फेंसिंग सिस्टम लागू किया जाएगा। इसके तहत मंडी परिसर में वाहन के प्रवेश के बाद ही गेट पास जारी होगा और पूरा रिकॉर्ड डिजिटल रूप से दर्ज किया जाएगा। उन्होंने कहा कि पिछली खामियों की समीक्षा कर उन्हें दूर किया जाएगा और अनियमितता करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
पेट्रोल और डीजल की बढ़ती कीमतों पर मंत्री ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय परिस्थितियों और तेल उत्पादक देशों में चल रहे तनाव का असर भारत पर भी पड़ रहा है। उन्होंने उम्मीद जताई कि हालात सामान्य होने पर कीमतों में राहत मिल सकती है।
बैठक में विभिन्न विभागों के अधिकारी, समिति सदस्य और शिकायतकर्ता मौजूद रहे। कई मामलों का मौके पर समाधान होने से लोगों ने संतोष जताया।