Summer express, महेंद्रगढ़। नगर पालिका महेंद्रगढ़ में आम नागरिकों को कार्यों के निस्तारण में हो रही परेशानियों और लगातार मिल रही शिकायतों के बाद बुधवार को मुख्यमंत्री उड़नदस्ता एवं गुप्तचर विभाग की टीम ने औचक निरीक्षण किया। छापेमारी के दौरान कई अधिकारी और कर्मचारी ड्यूटी से गैरहाजिर पाए गए, जिसके बाद उनके खिलाफ कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
जानकारी के अनुसार नगर पालिका कार्यालय में लोगों को विभिन्न कार्यों के लिए बार-बार चक्कर लगाने पड़ रहे थे। शिकायतों की गंभीरता को देखते हुए मुख्यमंत्री उड़नदस्ता और गुप्तचर विभाग की संयुक्त टीम ने सुबह अचानक कार्यालय पहुंचकर जांच की। निरीक्षण के दौरान सिंचाई विभाग नारनौल के एसडीओ राजेश वर्मा को ड्यूटी मजिस्ट्रेट नियुक्त किया गया था।
जांच के समय नगर पालिका कार्यालय में केवल लिपिक रवि यादव मौजूद मिले। उन्होंने टीम को बताया कि नगर पालिका में कुल 17 स्थायी कर्मचारी एवं अधिकारी कार्यरत हैं, जबकि तीन कर्मचारी हरियाणा कौशल रोजगार निगम (HKRN) के माध्यम से नियुक्त किए गए हैं।
निरीक्षण के दौरान नगर पालिका सचिव प्रशांत परासर, एमई राजेश कुमार, जेई नवदीप तथा लिपिक मनीषा कुमारी कार्यालय से अनुपस्थित पाए गए। टीम ने जब उनकी उपस्थिति और अवकाश संबंधी रिकॉर्ड की जांच की तो किसी भी कर्मचारी या अधिकारी की स्वीकृत छुट्टी अथवा कार्यालय से अनुपस्थिति का वैध रिकॉर्ड नहीं मिला।
इस पर उड़नदस्ता टीम ने संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की अनुशंसा करते हुए विस्तृत रिपोर्ट शहरी स्थानीय निकाय विभाग, पंचकूला को भेज दी है।
सूत्रों के अनुसार जांच केवल उपस्थिति तक सीमित नहीं रही। टीम ने नगर पालिका कार्यालय के विभिन्न दस्तावेजों की भी जांच की और नगर क्षेत्र में चल रहे विकास कार्यों से संबंधित रिकॉर्ड की पड़ताल शुरू कर दी है। इन कार्यों की गुणवत्ता, प्रगति और प्रशासनिक प्रक्रियाओं की भी समीक्षा की जा रही है।
प्रशासनिक अधिकारियों का कहना है कि जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। वहीं, इस कार्रवाई के बाद नगर पालिका कर्मचारियों और अधिकारियों में हड़कंप का माहौल बना हुआ है। माना जा रहा है कि जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर विभागीय स्तर पर सख्त कदम उठाए जा सकते हैं।
नगरवासियों का कहना है कि यदि कार्यालयों में नियमित रूप से अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहें तो आम लोगों को अपने कार्यों के लिए परेशान नहीं होना पड़ेगा। लोगों ने उम्मीद जताई है कि इस कार्रवाई से व्यवस्था में सुधार आएगा और शिकायतों का समय पर समाधान सुनिश्चित हो सकेगा।