Summer express, अंकुर कपूर , अंबाला छावनी। अंबाला छावनी स्थित प्रसिद्ध हाथी खाना मंदिर के बाहर फैली गंदगी और बदबू श्रद्धालुओं के लिए बड़ी परेशानी का कारण बनी हुई है। मंदिर के मुख्य द्वार के आसपास नालों में जमा कचरा और गंदगी के ढेर स्वच्छता व्यवस्था की स्थिति को उजागर कर रहे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि मंदिर परिसर के बाहर फैली गंदगी न केवल आने-जाने वालों को परेशान कर रही है, बल्कि धार्मिक स्थल की गरिमा को भी प्रभावित कर रही है।
मंदिर में दर्शन के लिए पहुंचने वाले श्रद्धालुओं ने प्रशासन और नगर परिषद से जल्द सफाई व्यवस्था दुरुस्त करने की मांग की है। उनका कहना है कि मंदिर के प्रवेश द्वार के पास बदबू मारते नाले और कचरे के ढेर लोगों की आस्था को ठेस पहुंचा रहे हैं। श्रद्धालुओं को मंदिर पहुंचते ही अस्वच्छ वातावरण का सामना करना पड़ता है, जिससे उन्हें भारी असुविधा होती है।
स्थानीय नागरिकों के अनुसार क्षेत्र के नाले लंबे समय से गंदगी से भरे हुए हैं और नियमित सफाई नहीं होने के कारण हालात लगातार खराब होते जा रहे हैं। लोगों ने आरोप लगाया कि सफाई व्यवस्था को लेकर बार-बार शिकायतें करने के बावजूद स्थिति में कोई विशेष सुधार नहीं हुआ है। उनका कहना है कि नगर परिषद की ओर से सफाई कार्य के लिए एजेंसियां नियुक्त किए जाने के दावे किए जाते हैं, लेकिन जमीनी स्तर पर इसका असर दिखाई नहीं देता।
वहीं, इस मामले में नगर परिषद अंबाला छावनी के कार्यकारी अधिकारी (ईओ) देवेंद्र नारवाल ने कहा कि विभाग को समस्या की जानकारी है और जल्द ही मंदिर के आसपास सफाई अभियान चलाकर लोगों को इस परेशानी से राहत दिलाई जाएगी। उन्होंने भरोसा दिलाया कि क्षेत्र की स्वच्छता व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।
स्थानीय लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि धार्मिक स्थलों के आसपास नियमित सफाई सुनिश्चित की जाए ताकि श्रद्धालुओं को स्वच्छ और साफ-सुथरा वातावरण मिल सके।