Summer express, चंडीगढ़। लंबे समय से भीषण गर्मी और उमस की मार झेल रहे हरियाणा के लोगों को आखिरकार राहत मिली है। प्रदेश में सक्रिय हुई विभिन्न मौसम प्रणालियों के प्रभाव से मौसम ने अचानक करवट ली और कई जिलों में तेज आंधी, धूलभरी हवाओं तथा बारिश का दौर देखने को मिला। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार यह प्री-मानसून गतिविधियों की शुरुआत है, जिससे तापमान में उल्लेखनीय गिरावट दर्ज की गई है।
मौसम विशेषज्ञ डॉ. चंद्रमोहन ने बताया कि उत्तरी पर्वतीय क्षेत्रों पर सक्रिय कमजोर पश्चिमी विक्षोभ, दक्षिणी पंजाब और उत्तरी राजस्थान के आसपास बने चक्रवातीय परिसंचरण तथा राजस्थान क्षेत्र में सक्रिय ट्रफ के कारण हरियाणा में 60 से 70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलीं। इसके साथ ही प्रदेश के करीब दस जिलों में अच्छी बारिश दर्ज की गई। सिरसा, सोनीपत, मेवात, गुरुग्राम, फरीदाबाद और दिल्ली-एनसीआर में आंधी के साथ हल्की से मध्यम बारिश हुई, जबकि हिसार, फतेहाबाद, जींद, भिवानी, चरखी दादरी, रोहतक, झज्जर, महेंद्रगढ़, रेवाड़ी और पलवल समेत कई जिलों में तेज हवाओं के साथ बारिश ने मौसम को सुहावना बना दिया।
बारिश और आंधी का असर तापमान पर भी साफ दिखाई दिया। हिसार के हांसी और यमुनानगर के सढौरा क्षेत्र में ओलावृष्टि दर्ज की गई, जिसके बाद प्रदेशभर में तापमान में भारी गिरावट आई और अधिकतम तापमान 38 डिग्री सेल्सियस से नीचे पहुंच गया। लंबे समय बाद लोगों को भीषण गर्मी और उमस से राहत मिली।
मौसम विभाग ने अगले कुछ दिनों तक मौसम के परिवर्तनशील बने रहने की संभावना जताई है। 18 जून को एक नया कमजोर पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने जा रहा है, जिसके प्रभाव से 18 और 19 जून को एक बार फिर प्रदेश में बारिश, तेज हवाएं और गरज-चमक की गतिविधियां देखने को मिल सकती हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि दक्षिणी-पश्चिमी हवाओं के प्रभाव से तापमान में उतार-चढ़ाव बना रहेगा और प्री-मानसून गतिविधियां जारी रहने की संभावना है।
मंगलवार सुबह बहादुरगढ़ और आसपास के क्षेत्रों में हुई बारिश ने लोगों को बड़ी राहत दी। वहीं गोहाना क्षेत्र में भी तेज गर्जना के साथ बारिश होने से मौसम पूरी तरह बदल गया। ठंडी हवाओं और बारिश के कारण लोगों ने राहत की सांस ली और शहरों से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों तक मौसम खुशनुमा बना रहा।