Summer express, अंबाला | अंकुर कपूर , हरियाणा सरकार के डिजिटल हरियाणा विजन को साकार करने की दिशा में बीएसएनएल ग्रामीण क्षेत्रों में ब्रॉडबैंड और मोबाइल कनेक्टिविटी के विस्तार पर तेजी से काम कर रहा है। डिजिटल भारत निधि (डीबीएन) के तहत भारतनेट उद्यमी योजना को प्रभावी ढंग से लागू किया जा रहा है, जिससे दूर-दराज के गांवों तक हाई-स्पीड इंटरनेट सेवाएं पहुंचाई जा सकेंगी। यह जानकारी प्रधान महाप्रबंधक दूरसंचार अंबाला कृष्ण बिहारी मीना ने पत्रकारों से बातचीत के दौरान दी।
उन्होंने बताया कि केंद्र सरकार ने बीएसएनएल को ग्रामीण क्षेत्रों में 1.5 करोड़ एफटीटीएच (फाइबर टू द होम) कनेक्शन उपलब्ध कराने का लक्ष्य दिया है। इस योजना के तहत ग्रामीण उपभोक्ताओं को नया ब्रॉडबैंड कनेक्शन लेने के लिए किसी प्रकार का प्रारंभिक खर्च नहीं देना होगा। इससे अधिक से अधिक लोग इंटरनेट और डिजिटल सेवाओं से जुड़ सकेंगे तथा ग्रामीण क्षेत्रों में डिजिटल सशक्तिकरण को बढ़ावा मिलेगा।
कृष्ण बिहारी मीना ने बताया कि हरियाणा सरकार के सहयोग से राज्य में दूरसंचार ढांचे को मजबूत करने के लिए कई महत्वपूर्ण परियोजनाओं पर कार्य किया जा रहा है। ग्राम पंचायतों को रिंग नेटवर्क से जोड़ने की योजना के तहत नेटवर्क की स्थिरता और विश्वसनीयता को बेहतर बनाया जाएगा। अंबाला क्षेत्र के सात ब्लॉकों में इस परियोजना का कार्य संबंधित एजेंसियों को सौंपा जा चुका है और अगले पांच वर्षों में इसे पूर्ण रूप से लागू करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
उन्होंने कहा कि स्टेट असिस्टेड प्रोजेक्ट के तहत हरियाणा में हजारों दूरसंचार कनेक्शन पहले ही उपलब्ध कराए जा चुके हैं। इसके साथ ही बीएसएनएल के स्वदेशी तकनीक आधारित 4जी नेटवर्क को भी लगातार मजबूत किया जा रहा है। 4जी सैचुरेशन परियोजना के अंतर्गत कालका और मोरनी क्षेत्र के बालदवाला, राजटीकरी, प्रेमपुरा और भोजराजपुरा गांवों में नए बीटीएस स्थापित किए जाएंगे, जिससे अब तक नेटवर्क सुविधा से वंचित क्षेत्रों को भी बेहतर मोबाइल कनेक्टिविटी मिल सकेगी।
प्रधान महाप्रबंधक ने विश्वास जताया कि हरियाणा सरकार और बीएसएनएल के संयुक्त प्रयासों से ग्रामीण क्षेत्रों में डिजिटल सेवाओं का दायरा और अधिक बढ़ेगा। इससे शिक्षा, स्वास्थ्य, ई-गवर्नेंस तथा विभिन्न ऑनलाइन सेवाओं का लाभ गांवों में रहने वाले लोगों तक प्रभावी रूप से पहुंच सकेगा और डिजिटल समावेशन को नई मजबूती मिलेगी।