Summer express,अंकुर कपूर, अंबाला। गुरुग्राम में मुख्यमंत्री के दौरे के दौरान विरोध प्रदर्शन के बाद कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं के खिलाफ एफआईआर दर्ज किए जाने को लेकर अंबाला जिला कांग्रेस कमेटी ने कड़ी आपत्ति जताई है। अंबाला छावनी कांग्रेस भवन में आयोजित पत्रकार वार्ता में कांग्रेस नेताओं ने कार्रवाई को लेकर सरकार और प्रशासन पर सवाल उठाए।
जिला कांग्रेस कमेटी अंबाला छावनी के अध्यक्ष परविंदर सिंह ढिल्लो ने कहा कि लोकतंत्र में सरकार की नीतियों और जनहित से जुड़े मुद्दों पर सवाल उठाना विपक्ष और आम नागरिकों का अधिकार है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने गुरुग्राम में मुख्यमंत्री के दौरे के दौरान अपनी मांगों और जनहित से जुड़े विषयों को लेकर शांतिपूर्ण तरीके से विरोध प्रदर्शन किया था।
कांग्रेस नेताओं का आरोप है कि प्रदर्शन के बाद पुलिस ने पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं के खिलाफ एफआईआर दर्ज की। परविंदर सिंह ढिल्लो ने कहा कि यदि प्रदर्शन को लेकर प्रशासन को कानून-व्यवस्था संबंधी कोई आपत्ति थी तो बातचीत के जरिए मामले का समाधान किया जा सकता था। विरोध का जवाब एफआईआर और गिरफ्तारी के बजाय संवाद के माध्यम से दिया जाना चाहिए।
जिला कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि एफआईआर और गिरफ्तारी के जरिए कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं पर दबाव बनाने की कोशिश लोकतांत्रिक भावना के अनुरूप नहीं है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस कार्यकर्ता ऐसी कार्रवाई से डरने वाले नहीं हैं और जनहित से जुड़े मुद्दों को आगे भी मजबूती से उठाते रहेंगे।
परविंदर सिंह ढिल्लो ने कहा कि विपक्ष की जिम्मेदारी है कि वह जनता से जुड़े मुद्दों को सरकार के सामने रखे और जरूरत पड़ने पर लोकतांत्रिक तरीके से विरोध दर्ज कराए। उन्होंने सरकार से कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं के खिलाफ दर्ज मामलों पर पुनर्विचार करने की मांग भी की।
पत्रकार वार्ता के दौरान कांग्रेस के अन्य नेता और कार्यकर्ता भी मौजूद रहे। इस दौरान पार्टी नेताओं ने कहा कि जनहित के मुद्दों को लेकर उनका संघर्ष आगे भी जारी रहेगा।