Shimla, 15 July
शिमला ग्रामीण विधानसभा क्षेत्र की चेवड़ी पंचायत में शराब ठेका खोले जाने के विरोध ने बड़ा मोड़ ले लिया है। पंचायत प्रधान, उप प्रधान, वार्ड सदस्य, महिला मंडल और नशा निवारण कमेटी के सभी सदस्यों ने सामूहिक रूप से अपने पदों से त्यागपत्र दे दिया है। प्रतिनिधियों का कहना है कि सरकार के उदासीन रवैये और महिलाओं पर की गई एफआईआर के विरोध में उन्होंने यह कठोर कदम उठाया है।
महिलाओं पर FIR से गुस्सा
चेवड़ी पंचायत के खेरा गांव में 23 मई को शराब ठेका खोला गया था, जिसके विरोध में स्थानीय लोग बीते 12 दिनों से हड़ताल पर थे। पंचायत प्रधान छविंद्र सिंह पाल ने बताया कि ग्रामीणों विशेषकर महिलाओं ने जब ठेका हटाने की मांग को लेकर प्रदर्शन किया, तो प्रशासन ने उनकी मांग सुनने के बजाय प्रदर्शनकारी महिलाओं पर ही एफआईआर दर्ज कर दी।
छविंद्र सिंह पाल ने कहा कि सरकार एक तरफ नशा मुक्ति अभियान चलाने की बात करती है और दूसरी तरफ उन पंचायतों पर कार्रवाई कर रही है जो नशे के खिलाफ आवाज उठा रही हैं। उन्होंने कहा कि इस दोहरे रवैये के चलते पंचायत प्रतिनिधियों ने नैतिक आधार पर अपने पदों से इस्तीफा देने का फैसला किया है।