summer express , रोहतक। सर्कल कबड्डी खिलाड़ी शीलू बल्हारा ने पत्नी मुस्कान बल्हारा की मौत के करीब दो महीने बाद खेल के मैदान पर वापसी की। गुरुग्राम के सिलानी गांव में आयोजित कबड्डी कप में शीलू बहू अकबरपुर की टीम की ओर से मैदान में उतरे। लंबे समय बाद उन्हें खेलते देखने के लिए बड़ी संख्या में दर्शक पहुंचे।
टूर्नामेंट में शीलू ने अपने डिफेंस से प्रभाव छोड़ा। उन्होंने शानदार प्रदर्शन करते हुए 4 स्टॉप और 6 टच पॉइंट्स हासिल किए। उनके प्रदर्शन के आधार पर उन्हें टूर्नामेंट का बेस्ट कैचर चुना गया। पुरस्कार के रूप में उन्हें बाइक प्रदान की गई।
बहू अकबरपुर की टीम ने टूर्नामेंट के शुरुआती मुकाबले में एकतरफा जीत दर्ज की। इस मैच में शीलू ने दो शानदार कैच किए। इसके बाद क्वार्टर फाइनल मुकाबले में भी उन्होंने मजबूत डिफेंस करते हुए टीम की जीत में अहम योगदान दिया।
बहू अकबरपुर की टीम ने सेमीफाइनल में जगह बनाई, लेकिन यहां उसे कड़े मुकाबले में हार का सामना करना पड़ा। सेमीफाइनल में हार के साथ टीम टूर्नामेंट में तीसरे स्थान पर रही।
सिलानी कबड्डी कप का खिताब आसौदा गांव की टीम ने जीता। फाइनल में जीत दर्ज करने वाली टीम को ट्रॉफी के साथ 2.51 लाख रुपये की इनामी राशि दी गई। मेजबान सिलानी की टीम उपविजेता रही और उसे 1.51 लाख रुपये का नकद पुरस्कार मिला।
31 जुलाई को हुई थी मुस्कान की मौत
शीलू बल्हारा की पत्नी मुस्कान की 31 जुलाई को बहू अकबरपुर स्थित ससुराल में फांसी लगाने से मौत हुई थी। मुस्कान के पिता की शिकायत पर शीलू, उसके पिता सुरेंद्र, मां निशा और भाई मनीष के खिलाफ दहेज हत्या का केस दर्ज किया गया था।
इसके बाद 11 अगस्त को दोनों परिवारों के बीच पंचायत में समझौता हुआ। समझौते के तहत 450 गज का मकान, चार बीघा जमीन, 50 लाख रुपये की एफडी और दो-तीन प्लॉट बेटे के नाम किए जाने की बात तय हुई थी।
फरमाणा पंचायत की ओर से मांगें पूरी करने के लिए 10 दिन का समय दिया गया था। शीलू के परिवार की ओर से जमीन और 50 लाख रुपये की एफडी बेटे के नाम किए जाने की बात सामने आई। इसके बाद मुस्कान के ससुराल पक्ष ने पुलिस को लिखित में दिया कि वे मामले में आगे कोई कार्रवाई नहीं चाहते।
फिलहाल मामले में कैंसिलेशन की कार्रवाई चल रही है। शीलू और मुस्कान की शादी दिसंबर 2023 में हुई थी। नवंबर 2025 में दोनों के एक बेटा हुआ था।