SDM बोलीं—उच्च अधिकारियों के समक्ष उठाया मामला
Summer express/राहुल चावला,धर्मशाला-:राष्ट्रीय राजमार्ग का काम पूरा होने से पहले ही कांगड़ा टोल प्लाजा पर टोल दरों में बढ़ोतरी को लेकर विवाद गहराने लगा है। टोल की नई दरें लागू होने के बाद स्थानीय लोगों में नाराजगी देखने को मिल रही है। सोशल मीडिया पर भी इस मुद्दे को लेकर सवाल उठाए जा रहे हैं कि जब एनएच का निर्माण कार्य अभी अधूरा है, तो वाहन चालकों से बढ़ी हुई दरों के अनुसार टोल वसूली क्यों की जा रही है। वहीं, पांच किलोमीटर के दायरे में रहने वाले लोगों को छूट देने की मांग भी उठ रही है।
इस मामले को लेकर एसडीएम कांगड़ा डॉ. अंजली गर्ग ने कहा कि टोल दरों में संशोधन को लेकर संबंधित विभाग के अधिकारियों से बातचीत की जा रही है। उन्होंने बताया कि हमीरपुर के प्रोजेक्ट डायरेक्टर से भी इस संबंध में संपर्क किया गया है। टोल दरों में बदलाव को लेकर उच्च अधिकारियों के स्तर पर चर्चा जारी है। हालांकि, अभी तक इस संबंध में कोई अंतिम निर्णय सामने नहीं आया है।
पांच किलोमीटर के दायरे में छूट पर भी नजर
एसडीएम ने बताया कि टोल प्लाजा के पांच किलोमीटर के दायरे में रहने वाले लोगों को छूट देने के प्रावधान को लेकर हिमाचल प्रदेश में सर्वे किया जा रहा है। इसके तहत प्रदेश के अन्य टोल प्लाजा पर लागू नियमों की जानकारी जुटाई जा रही है। यदि अन्य स्थानों पर इस तरह की छूट का प्रावधान मिलता है, तो कांगड़ा में भी इसकी संभावनाओं पर विचार किया जा सकता है।
मासिक और वार्षिक पास का विकल्प
डॉ. अंजली गर्ग के अनुसार, गैर-वाणिज्यिक वाहनों के लिए मासिक और वार्षिक पास की सुविधा उपलब्ध है। उन्होंने बताया कि मासिक पास की दर लगभग 300 रुपये बताई गई है। ऐसे में टोल दरों में संशोधन को लेकर अंतिम फैसला आने तक वाहन चालक उपलब्ध पास सुविधा का लाभ उठा सकते हैं।
प्रशासन ने उच्च अधिकारियों के समक्ष उठाया मामला
एनएच का काम पूरा होने से पहले टोल वसूली शुरू होने के सवाल पर एसडीएम ने स्पष्ट किया कि टोल प्लाजा का संचालन और दरों का निर्धारण एनएच के उच्च अधिकारियों के अधिकार क्षेत्र में आता है। मामला सामने आने और आधिकारिक गजट में घोषणा होने के बाद प्रशासन ने इस विषय को संबंधित अधिकारियों के समक्ष उठाया है।अब लोगों को टोल दरों में संशोधन और पांच किलोमीटर के दायरे में छूट को लेकर प्रशासन व संबंधित विभाग के फैसले का इंतजार है।