यमुनानगर | हरियाणा पुलिस की स्पेशल टास्क फोर्स (STF) ने मंगलवार को एक मुठभेड़ में कुख्यात गैंगस्टर रोमिल वोहरा को मार गिराया। महज 22 साल की उम्र में अपराध की दुनिया में अपनी काली पहचान बना चुके रोमिल पर पुलिस ने ₹3 लाख का इनाम घोषित कर रखा था। पुलिस के मुताबिक, वह कई हत्याओं, फिरौती और हथियार तस्करी जैसे गंभीर मामलों में वांछित था।
कॉलेज से गैंगस्टर बनने तक का सफर
1 फरवरी 2002 को यमुनानगर के कांसापुर में जन्मा रोमिल, खालसा कॉलेज से बीए की पढ़ाई कर चुका था। बताया जा रहा है कि पढ़ाई के बाद वह गैंगस्टर नोनी राणा के संपर्क में आया और धीरे-धीरे अपराध की राह पर चल पड़ा। रोमिल अपने माता-पिता की इकलौती संतान था। दिलचस्प बात यह है कि उसके माता-पिता कपिल वोहरा और उसकी मां पहले से ही आपराधिक साजिश (धारा 120B) के तहत जेल में बंद हैं।
अपराधों की लंबी फेहरिस्त
रोमिल के खिलाफ पहला आपराधिक मामला नवंबर 2024 में यमुनानगर के गांधीनगर थाने में फायरिंग को लेकर दर्ज हुआ था। इसके बाद वह खेडी लक्खा ट्रिपल मर्डर केस, इमीग्रेशन सेंटर और पंजाबी सिंगर पिंकी धालीवाल के घर पर फायरिंग, तथा शराब कारोबारी शांतनु की हत्या जैसे आठ गंभीर मामलों में आरोपी बना।
विशेष रूप से 26 दिसंबर 2024 को खेडी लक्खा में तीन युवकों की हत्या ने रोमिल को पुलिस के रडार पर ला दिया। इसके बाद 15 मई को यमुनानगर के बिलासपुर में इमीग्रेशन सेंटर और उसी दिन पंजाबी गायक के घर पर हमले में भी उसका नाम सामने आया। 13 जून को शाहाबाद में शराब कारोबारी की हत्या में भी वह वांछित था।
STF को मिली थी बड़ी साजिश की जानकारी
STF को 23 जून की रात सूचना मिली कि रोमिल दिल्ली-एनसीआर और उत्तर हरियाणा में किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने की फिराक में है। अलर्ट हुई टीम ने ऑपरेशन चलाकर रोमिल को ढेर कर दिया।
एनकाउंटर पर उठे सवाल, वायरल हुआ गैंगस्टर का पोस्ट
एनकाउंटर के बाद काला राणा गैंग के गुर्गे भानू राणा का एक सोशल मीडिया पोस्ट वायरल हो रहा है, जिसमें रोमिल की मौत को ‘फर्जी एनकाउंटर’ करार देते हुए बदला लेने की धमकी दी गई है। पोस्ट में लिखा गया, “जिसे दो दिन पहले पकड़ा, उसे अब मार गिराया… मौत का बदला मौत होगा।” इस पोस्ट को पुलिस गंभीरता से ले रही है।
बढ़ती गैंगवार और पुलिस की चुनौती
रोमिल की मौत के बाद राज्य में सक्रिय गैंगस्टर नेटवर्क को लेकर एक बार फिर सवाल खड़े हो गए हैं। STF लगातार कुख्यात अपराधियों पर शिकंजा कस रही है, लेकिन गैंगवार और सोशल मीडिया पर खुलेआम धमकियों ने पुलिस की चिंता बढ़ा दी है।