चंडीगढ़ | अमेरिकी विदेश मंत्रालय ने स्पष्ट किया है कि भारत और पाकिस्तान दोनों के साथ अमेरिका के संबंध “मजबूत और संतुलित” हैं, और इन रिश्तों को बनाए रखने के लिए अमेरिकी राजनयिक पूरी तरह प्रतिबद्ध हैं। मंत्रालय की प्रवक्ता टैमी ब्रूस ने कहा कि दोनों देशों के साथ मिलकर काम करना न केवल क्षेत्र बल्कि दुनिया के लिए लाभकारी है और यह बेहतर भविष्य की दिशा में कदम है।
टैमी ब्रूस ने यह बयान पाकिस्तानी सेना प्रमुख फील्ड मार्शल आसिम मुनीर की अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से मुलाकात और संभावित हथियार सौदों को लेकर पूछे गए सवाल के जवाब में दिया। उन्होंने कहा कि भारत और पाकिस्तान के बीच मई में हुआ सैन्य तनाव काफी गंभीर हो सकता था, लेकिन अमेरिकी नेतृत्व ने तत्काल हस्तक्षेप कर हालात को काबू में किया।
ब्रूस ने बताया कि राष्ट्रपति ट्रंप, उपराष्ट्रपति जे.डी. वेंस और विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने सीधे संपर्क कर दोनों पक्षों को हिंसा रोकने और बातचीत की ओर लाने में अहम भूमिका निभाई। उन्होंने यह भी कहा कि अमेरिका ने कई वैश्विक संघर्षों में इसी तरह मध्यस्थता कर शांति स्थापित करने की कोशिश की है, जिनमें कंबोडिया-थाईलैंड, इजरायल-ईरान, रवांडा-कांगो और सर्बिया-कोसोवो शामिल हैं।
भारत की ओर से हालांकि यह स्पष्ट किया गया है कि हालिया तनाव का समाधान दोनों देशों की सीधी बातचीत से हुआ था, न कि किसी बाहरी मध्यस्थता से। इसके बावजूद अमेरिका मानता है कि उसके प्रयासों ने संभावित बड़े टकराव को टालने में मदद की।