11 September, 2025
चंडीगढ़ प्रशासन ने पंजाब विश्वविद्यालय के डीएसटी-टेक्नोलॉजी एनेबलिंग सेंटर (DST-TEC) के सहयोग से उद्यमशीलता को बढ़ावा देने के लिए अपना प्रमुख कार्यक्रम “क्रिएट योर स्टार्ट-अप (CYS)” लॉन्च किया है। यह छह महीने का कार्यक्रम 1 अक्तूबर 2025 से 28 फरवरी 2026 तक चलेगा, जिसकी पंजीकरण की अंतिम तिथि 30 सितम्बर 2025 तय की गई है।
यह कार्यक्रम छात्रों, शिक्षकों, शोधकर्ताओं और पेशेवरों के लिए खुला है और विशेष रूप से फिनटेक और सर्विस-आधारित स्टार्ट-अप्स पर केंद्रित होगा। साथ ही यह आईआईटी, एनआईटी और विश्वविद्यालयों की पेटेंट तकनीकों पर आधारित उद्यमों को प्रोत्साहित करेगा। DST-TEC अब तक 100 से अधिक उद्योगों से जुड़ चुका है और 150 से अधिक औद्योगिक चुनौतियों का दस्तावेजीकरण कर चुका है, जिससे प्रतिभागियों को वास्तविक समस्याओं पर काम करने का अवसर मिलेगा।
कार्यक्रम की प्रमुख विशेषताएँ
- हाइब्रिड मोड में 12 संरचित सत्र और 9 प्रायोगिक असाइनमेंट्स
- स्टार्ट-अप गठन, सरकारी योजनाएं और पंजीकरण प्रक्रिया
- बौद्धिक संपदा अधिकार (IPR) एवं टेक्नोलॉजी रेडीनेस लेवल्स (TRLs)
- फिनटेक और सेवाओं का नियामक ढांचा (RBI, SEBI, डेटा प्रोटेक्शन, अनुपालन)
- भारत के डिजिटल अवसंरचना का लाभ (UPI, ONDC, आधार)
- बाज़ार अनुसंधान, निवेश योजना और पिच डेक की तैयारी
प्रतिभागियों को आईआईटी और आईआईएम के पूर्व छात्रों, सफल सीईओ, स्टार्ट-अप संस्थापकों और निवेशकों से मार्गदर्शन मिलेगा। कार्यक्रम का समापन 12 मार्च 2026 को एक प्रतिष्ठित इंवेस्टर्स मीट के साथ होगा, जहां चयनित स्टार्ट-अप्स को इक्विटी आधारित फंडिंग के अवसर मिलेंगे।
अधिकारियों की प्रतिक्रिया
वित्त सचिव, चंडीगढ़ प्रशासन दिप्रवा लाकड़ा (IAS) ने कहा,
“CYS के जरिए हमारा लक्ष्य चंडीगढ़ को स्टार्ट-अप्स का प्रमुख केंद्र बनाना है और निवेशकों से बेहतर दरों पर फंडिंग उपलब्ध कराना है।”
पंजाब विश्वविद्यालय के CIIPP के मानद निदेशक और कार्यक्रम समन्वयक प्रो. मनु शर्मा ने कहा,
“CYS डीप-टेक स्टार्ट-अप्स बनाने का एक बेहतरीन अवसर है। हम विश्वविद्यालय के पूर्व छात्रों पर आधारित एक एंजेल नेटवर्क भी तैयार कर रहे हैं, ताकि नवोदित उद्यमियों को इक्विटी फंडिंग सहज रूप से उपलब्ध हो सके।